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Showing posts from July, 2019

Naagpanchmi Ko Rashi Ke Hisab Se Pooja Kaise Kare

नाग पंचमी का महत्त्व ज्योतिष के हिसाब से, जानिए राशी के अनुसार कैसे करे नागपंचमी को पूजा.

नागपंचमी एक अत्यंत महत्त्वपूर्ण दिन है हिन्दुओ के हिसाब से, इस दिन नागदेवता की पूजा होती है और लोग सांपो के महत्त्व को भी जानते हैं. ज्योतिष के हिसाब से पंचमी तिथि नागो को समर्पित है. सावन महीने के शुक्ल पक्ष की पंचमी को नागपंचमी मनाया जाता है जब पुरे भारतवर्ष में लोग शिव मंदिर में जाके या फिर नाग मंदिरो में जाके नागो की पूजा करते हैं. कुंडली में मौजूद कई दोषों का समाधान सिर्फ नागपंचमी को पूजा करने से हो जाता है.
ऐसी मान्यता है की नागपंचमी को सांपो की पूजा करने से उनकी कृपा से जीवन में स्वास्थ्य, सम्पन्नता, ख़ुशी, संतान सुख आदि की प्राप्ति होती है. इसी कारण हिन्दू लोग नागपंचमी को शिव मंदिरों में विशेष पूजा अर्चना करते हैं.कुंडली में अगर सर्प दोष हो तो नागपंचमी को पूजा करने से दूर हो सकता है.कुंडली में कालसर्प दोष हो तो उसकी शांति इस दिन हो सकती है.कुंडली में विष दोष का समाधान भी इस दिन पूजा करने से होता है.नागपंचमी को प्रेत दोष निवारण, पितृ दोष निवारण पूजाएँ भी होती है.विवाह में देरी की समस्या को द…

Hariyali Amavasya Ka Mahattw

हरियाली अमावस्या का महत्त्व, कौन सी पूजाएँ फायदा देती है हरियाली अमावस्या  को, जनिये सावन अमावस्या का महत्त्व, हरियाली अमावस और ज्योतिष. सावन का महिना बहुत ख़ास होता है और इस महीने में पड़ने वाले अमावस्या को हरियाली अमावस्या कहते हैं. ये दिन मानसून के महत्त्व को भी बताता है और हर तरफ हरियाली का प्रतिक है. हरियाली अमावस्या को इस दिन विशेषकर हिन्दू लोग अलग अलग प्रकार के कर्म काण्ड करते हैं जीवन को सफल बनाने के लिए. भक्त गण भगवान् शिव की विशेष पूजा अर्चना करते हैं श्रद्धा भक्ति से.
आइये जानते हैं की हरियाली अमावस्या को किन किन नामो से जाना जाता है?आन्ध्र प्रदेश में इसे “चुक्काला अमावस्या” के नाम से जाना जाता है.महाराष्ट्र में इसे “गटारी अमावस्या” के नाम से जाना जाता है. उड़ीसा में इसे “चिटालागी अमावस्या” के नाम से मनाया जाता है. गुजरात में इसे “दिवसो” के नाम से जाना जाता है. कर्णाटक में इसे “भीमाना अमावस्या” के नाम से जानते हैं. आइये जानते है हरियाली अमावस्या का महत्त्व: ज्योतिष के हिसाब से अमावस को पितरो के लिए कर्म काण्ड होता है. ये दिन पितरो को समर्पित है. इस दिन लोग पितरो को प्रसन्न करन…

Motapa Kam Kare Jivan Shaili Apna Kar

मोटापा कम करने हेतु जीवन शैली, टिप्स वेट लोस के लिए, कैसे जिए एक स्वस्थ जीवन. अगर आप मोटापा कम करने का प्रयास लम्बे समय से कर रहे है, अगर आप वाकई मे वसा कम करना चाहते हैं, अगर आप जानना चाहते है कुछ ऐसे आसान तरीके जो आपको दे सकता है एक स्वस्थ जीवन तो ये लेख आपको बताएगा वो तरीके. जानिए स्वस्थ जीवन जीने के तरीके. अगर आप बहुत ज्यादा व्यायाम करके थक गए हैं, अगर आप बहुत दवाइयां लेके भी वजन कम नहीं कर पा रहे है, अगर आप बहुत ज्यादा काम कर रहे है वजन घटाने के लिए तो आपको आज से ही अपने जीवन शैली की तरफ ध्यान देना चाहिए. एक स्वस्थ जीवन शैली अपना कर हम सही मायने में अपना जीवन बदल सकते हैं. जानिए कुछ आसान तरीके मोटापा कम करने के लिए :अच्छी नींद जरुर ले क्यूंकि नींद के अभाव में शारीर में थकान बनी रहती है, टेंशन, चिंता बढ़ जाती है जिसके कारण शारीर में वासा बढ़ने लगता है अतः ये जरुरी है की सही नींद और स्वस्थ नींद रोज ले.सलाहकार विटामिन डी लेने को भी कहते है क्यूंकि विटामिन डी लेप्टिन नमक हार्मोन को जागृत करता है जो की हमारे दिमाग में तृप्ति का भाव उत्पन्न करता है. इससे हम अधिक खाने से बचते हैं. अपने ऊप…

Motapa Niyantran Ke Liye Acupressure

Motapa Niyantran Ke Liye Acupressure, मोटापा कैसे कम करे प्राकृतिक तरीके से, मोटापा को नियंत्रित  करने का आसान तरीका. ज्यादा वजन कई गंभीर परेशानियाँ उत्पन्न कर देता है जीवन में, अधिक वजन के कारण हम स्वतंत्र होकर जीवन का आनंद नहीं ले पाते हैं. मोटापे के कारण नौकरी, व्यापार और व्यक्तिगत जीवन में भी कई परेशानियां होती है. अतः ये जरुरी है की इसे नियंत्रिक किया जाए. 
आज के दौर में आहार विशेषज्ञों, स्लिमिंग केन्द्रों के द्वारा कई प्रकार के कोर्सेज करवाए जाते हैं जिसके द्वारा वजन कम किया जाता है और लोग इनका लाभ ले रहे हैं परन्तु इस लेख में आपको में ये बताने जा रहा हूँ की किस प्रकार से शारीर में मौजूद कुछ बिन्दुओं को दबाकर शारीर को स्वस्थ रखा जा सकता है. इस उपचार पद्धति का प्रयोग कोई भी बहुत आसानी से कर सकता है और वो भी स्वयं बिलकुल मुफ्त, free. आगे बढ़ने से पहले चलिए पहले जान लेते हैं कुछ महत्वपूर्ण बातें जिसके बाद आप को उपचार करना आसान हो जाएगा. spleen क्या होता है ? हिंदी में इसे हम तिल्ली या फिर प्लीहा के नाम से जानते हैं ये शारीर के अन्दर मौजूद एक महत्वपूर्ण अंग है जो की जिगर और गुर्दे के…

Mahilaao Ka Swasthya Aur Jyotish

Mahilaao Ka Swasthya Aur Jyotish, ज्योतिष के द्वारा कैसे जान सकते हैं महिलाओं के समस्याओं के कारण को, ज्योतिष द्वारा जाने बीमारियों के कारण और निवारण.
स्वास्थ्य बहुत जरुरी है सभी के लिए पर जब बात आती है महिलाओं की तो ये विषय बहुत ज्यादा महत्तव का हो जाता है, महिकाओ को बहुत ज्यादा सावधानी और स्वस्थ रहने की आवश्यकता है, क्यूंकि वे ही परिवार की नीवं हैं. अगर घर की महिलायें स्वस्थ रहेंगी तो परिवार भी निश्चित स्वस्थ रहेगा.
चूँकि महिलायें ही साधारणतः परिवार के सदस्यों की देखभाल करती है साथ ही सुबह उठने से रात के सोने तक लगातार कुछ न कुछ कार्य में संलग्न रहती है अतः उनको सबसे ज्यादा उर्जा, और स्वस्थ शारीर की आवश्यकता है, एक औरत किसी की माँ होती है, किसी की बहन, किसी की पत्नी, किसी की दोस्त होती है परन्तु एक गुण जो सभी महिलाओं में देखने को मिलता है वो है सबकी देखभाल करना.
महिलाओं को देखभाल करने का जो गुण मिला है इश्वर द्वारा वो किसी और में देखने को कम ही मिलता है. और अगर घर की औरतों का स्वास्थय ख़राब हो तो परिवार और व्यक्तिगत संबंधो में भी समस्याएं उत्पन्न होने लगती है. अतः एक स्वस्थ शारीर औ…

Swasthya Se Sambandhit Jyotishiya Yog

अच्छे स्वास्थ्य का महत्त्व, कुछ ज्योतिषीय योग जो की बिमारी का कारण हो सकते हैं, जनेन्द्रिय सम्बंधित रोग और ज्योतिष, अलसर- घाव से सम्बंधित योग, गुप्त रोग और ज्योतिष, मनो रोग के ज्योतिषीय कारण. 
स्वास्थ्य का जीवन मे सबसे अधिक महत्त्व है, इस क्षणभंगुर जीवन को सफलता पूर्वक जीने के लिए जरुरी है की स्वास्थ्य अच्छा रहे. ज्योतिष के माध्यम से भी हम स्वास्थ्य के बारे मे बहुत कुछ जान सकते हैं. विभिन्न ग्रहों का हमपर अलग अलग असर होता है, ग्रहों की उर्जा हमारे जीवन पर असर डालती है. बीमारी एक ऐसा श्राप है जो होता तो एक को है पर पूरा परिवार प्रभावित होता है. 
ये भी सच है की अगर व्यक्ति खान पान मे समन्वय रखे तो भी बहुत सारी बिमारियों से बचा भी जा सकता है. इसी के साथ अगर कुछ ज्योतिषीय उपाय कर लिए जाए, कुंडली मे मौजूद ख़राब ग्रहों के प्रभावों को कम करने के लिए तो बहुत हद तक परेशानियों को कम किया जा सकता है. 
बीमारी के कारण को जानने के लिए कुंडली के छठे भाव को देखा जाता है, आठवे भाव को देखा जाता है. त्रिक भावों (6, ८, १२ )मे ख़राब ग्रहों की मौजूदगी भी स्वास्थय सम्बंधित परेशानियों की तरफ इशारा करती है. 
आइ…

Sawan Mahine Me Bhagyoday Ke Upaay

सावन महीने में भाग्योदय के लिए क्या करे, जानिए ज्योतिष के कुछ ख़ास उपाय, जानिए शरवन महीने के लिए विशेष पूजा.
सावन का महिना भगवन शिव की पूजा के लिए विशेष महत्त्व रखता है, इस महीने में अध्यात्मिक उन्नति के लिए पूजा पाठ और साधना की जाती है. सावन के महीने में दान और शिव पूजा का भी बहुत महातत्व है.
जो लोग भगवान् शिव के भक्त हैं उनके लिए तो ये महिना बहुत ख़ास होता है. सभी जगह भगवन शिव के मंत्रो की गूंज सुनाई देती है, शिव भजन सुनाई देता है पूरा वातावरण शिवमय हो जाता है.
अगर कोई जातक दुर्भाग्य से ग्रस्त है, अगर कोई बुरी शक्तियों के घेरे में हो, अगर कोई काले जादू से परेशान हो तो सावन के महीने में शिव पूजा से लाभ प्राप्त कर सकते हैं और अपने जीवन को निष्कंटक कर सकते हैं. जानिए भाग्य का महत्त्व: मनुष्य जीवन में भाग्यशाली होना बहुत महत्व रखता है. भाग्यशाली जातक को नाम, यश, धन सफलता बहुत आसानी से मिल जाती है. वहीँ भाग्यहीन जातक को बहुत ज्यादा मेहनत करना होती है किसी चीज को प्राप्त करने के लिए, कुछ लोगो को तो बुनियादी जरूरतों के लिए भी बहुत संघर्ष करना होता है.
इसमें भी कोई शक नहीं की अगर भगवान् शिव की…

Saawan Mahine Me Kya Kare Safalta Ke liye

सावन के महीने में क्या करे सफलता के लिए, जानिए श्रावण महीने की शक्ति, जानिए कैसे करे सावन सोमवार को उपवास, क्या करे श्रावण महीने में सफलता के लिए, सावन महिना और ज्योतिष.
चातुर्मास के अंतर्गत श्रावन महीने का भी बहुत महत्त्व है. इस महीने का अध्यात्मिक साधना को करने का भी बहुत महत्त्व है. सावन महिना भगवान् शिव के पूजा के लिए भी बहुत महत्त्वपूर्ण है. विशेषकर सोमवार को लोग शिवजी की विशेष पूजा अर्चना करते हैं और सावन महीने के सोमवार “श्रवन सोमवार ”के नाम से भी बहुत प्रसिद्द है.
श्रावण महीने में अनेक प्रकार की पूजाए सफल होती है जैसे :शादी या विवाह में समस्या हटाने के लिए श्रावण महीने में पूजाएँ हो सकती है.व्यापार बाधा को हटाने के लिए भी विशेष पूजाएँ होती है सावन महीने में.भगवान् शिव को प्रसन्न करने के लिए भी पूजाए होती है श्रावण महीने में. आर्थिक परेशानी को दूर करने के लिए भी इस महीने में पूजाए संभव है. श्रावण महीने में पूजा आराधना, मंत्र सिद्धि करना आसान होता है. इस महीने में पारद शिवलिंग को स्थापित करके पूजा करना भी बहुत लाभदायक होता है. आइये जानते हैं की कौन कौन से अन्य त्यौहार भी आते …

Swine Flu Ki Jaankari aur Bachaaw in Hindi

क्या है स्वाइन फ्लू ?, स्वाइन फ्लू के बढ़ने के कारण , कैसे सुरक्षा करे घातक रोगों से, ज्योतिष द्वारा उपाय घटक रोगों से, कैसे जियें रोग मुक्त जीवन? अचानक से पुरे देश में स्वाइन फ्लू का प्रकोप बढ़ गया है, हर व्यक्ति डरा सहमा सा घूम रहा है, विचित्र प्रकार की मानसिक स्थिति से लोग गुजर रहे है. अतः ये जरुरी है की हम जरुरी कदम उठाये अपने आपको घातक बीमारियों से बचाने के लिए .  क्या है स्वाइन फ्लू ? एक महत्त्वपूर्ण प्रश्न जो की दिमाग में रहता है वो ये है की क्या है स्वाइन फ्लू. तो आइये जानते हैं इसे.  स्वाईन फ्लू एक इंफ्लुएंजा है जो की शुरू सुअरों से हुआ था अतः इसे pig influenza के नाम से भी जाना जाता है. धीरे धीरे लोग भी इस वायरस के घेरे में आ गए. इस वायरस को h1n1 के नाम से भी जानते हैं अतः इस रोग का एक नाम h1n1 फ्लू भी है. ये वायरस श्वसन तंत्र को ज्यादा प्रभावित करता है इसी कारण बहुत घातक है.  आइये जानते है स्वाइन फ्लू के लक्षण : वास्तव में स्वाइन फ्लू के लक्षण बहुत कुछ साधारण वायरल बुखार से मेल खाते हैं इसी कारण इसे पहचानना मुख्किल हो जाता है. शुराती दौर में रोगी को सर दर्द, बुखार, खांसी, नाक…

Chandra Grahan Hai Guru Poornima 16 july 2019 Ko

चन्द्र ग्रहण 16 july, 2019 , मंगलवार, क्या करे ग्रहण काल में, क्या ना करे, राशियों पर असर.

भारतीय ज्योतिष के हिसाब से चन्द्र ग्रहण बहुत ही महत्त्व रखता है, ये वो समय होता है जिसका इन्तेजार हर साधक करता है पुरे वर्ष भर. मान्यता है की चन्द्र ग्रहण के समय किसी प्रकार की साधना सफ़लत होती है. इसी कारन तांत्रिक, मान्त्रिक, अध्यात्मिक साधक गण ग्रहण काल में सिद्धि करने हेतु क्रियाएं करते हैं.

हिंदू पंचांग के अनुसार गुरु पूर्णिमा के दिन चंद्र ग्रहण आषाढ़ पूर्णिमा की रात्रि को को उत्तराषाढ़ा नक्षत्र में लगेगा. यह खंडग्रास चंद्रग्रहण  है और भारत में दिखेगा. करीब 3 घंटे इस ग्रहण का समय रहेगा.
आइये जानते हैं ग्रहण के बारे में कुछ ख़ास बाते:इस बार भी गुरु पूर्णिमा पर चंद्र ग्रहण लगेगा जो की भारत में दिखाई देगा. चन्द्र ग्रहण का समय रहेगा मंगलवार रात 1 बजकर 32 से 4 बजकर 30 मिनट तक . सूतक करीब ४ बजे से लग जाएगा.इस बार ये ग्रहण भारत के अलावा, पाकिस्तान, युक्रेन, टर्की , ईराक, ईरान, दक्षिण अफ्रीका, अन्टार्क्टिका, साउदी अरब, अफगानिस्तान में दिखाई देगा.  आइये जानते हैं की किन राशियों के लिए अशुभ रह सकता है …

Chandra Grahan Ka Mahattwa In Hindi

Chandra Grahan Ka Mahattwa In Hindi, क्या करे चन्द्र ग्रहण के समय, क्या न करे ग्रहण के समय, जानिए कैसे बनाए जीवन को सुखी ग्रहण काल में. ग्रहण देखा जाए तो ठीक नहीं माना जाता है विज्ञान के हिसाब से क्यूंकि इस समय हानिकारक किरणे निकलती है जिससे की वातावरण दूषित होता है और जो लोग इसके संपर्क में ज्यादा आते हैं उनको कई प्रकार के समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है. अतः ये सलाह दी जाती है की ग्रहण काल में बहार ना निकला करे. परन्तु इसका एक दूसरा बहुत ही अच्छा पक्ष है और वो ये की ग्रहण काल में की गई साधना शीघ्र फल प्रदान करती है, मंत्र सिद्धी, यन्त्र सिद्धी, तंत्र सिद्धी के लिए इससे ज्यादा अच्छा समय नहीं होता है. यही कारण है की विद्वान् लोग, तांत्रिक, मान्त्रिक और अन्य साधक ग्रहण का इन्तेजार लम्बे समय तक करते हैं.

वैदिक ज्योतिष के हिसाब से चन्द्र का सम्बन्ध माता से होता है, मन से होता है, ठंडक से होता है, स्वप्न से होता है आदि. कर्क राशि का स्वामी है चन्द्र और चांदी इससे सम्बंधित धातु है. देखा जाए तो चन्द्र का सम्बन्ध भावना से बहुत ज्यादा होता है इसी कारण जिनके कुंडली में चन्द्र खराब हो या कमजो…

Mission Safalta Ke Rahasya Ko Bhaag-1

Mission Safalta Janiye Safalta Ke Rahasya Ko, अगर सफलता आपका लक्ष्य है , अगर सफलता के लिए आप लालाइत हैं तो फिर ये लेख आपके लिए बहुत लाभदायक सिद्ध होगा. जानिए ! किस प्रकार आप पा सकते हैं – एक प्रभावी व्यक्तित्त्व ................. एक प्रतिष्ठित सामाजिक जीवन .............................. धन, मान सम्मान .................... एक खुशहाल जीवन ...................... Mission सफलता : सफलता कौन नहीं चाहता है ? क्या हम सफलता नहीं चाहता , क्या हमारे मित्र सफलता नहीं चाहते, क्या मेरे भाई सफलता नहीं चाहते, क्या हमारे पड़ोसी सफलता नहीं चाहते, क्या हमारे पूर्वज सफलता नहीं चाहते थे और क्या हमारे आने वाली पीढ़ी सफलता नहीं चाहेगी. हर कोई सफलता चाहता था, चाहता है और चाहता रहेगा. परन्तु यहाँ प्रश्न ये है की आखिर ये सफलता है क्या? क्यूँ इसे हर कोई पसंद करता है, क्यों इसके लिए व्यक्ति दिन रात मेहनत करता रहता है. क्यों इसके बिना जीवन अर्थहीन हो जाता है.
सफलता ! क्या ये एक भावना है?, क्या ये एक अहसास है ?, क्या ये एक स्त्री है ? , क्या ये एक पुरुष है?, क्या ये एक रूपया है, क्या मान-सम्मान है?. आइये समझते है सफल…

Mission Safalta Ke Rahasya Ko Bhaag-2

Mission सफलता के पहले भाग मे हमने देखा की सफलता क्या है , क्या करे सही मायने मे सफलता प्राप्त करने के लिए, इस लेख मे उसी के आगे का भाग आप पढेंगे. अगर आपने मिशन सफलता भाग 1 नहीं पढ़ा है तो उसे पहले पढ़े, कुछ छोटी पर महत्त्वपूर्ण बाते सफलता के लिए. साहस : हमारे पास भले ही रचनात्मकता हो, संपर्क हो, प्रचुर मात्र मे धन हो , कराय करने की क्षमता हो परन्तु साहस न हो तो हम अपनी योजनाओं को , विचारों को क्रियान्वित नहीं कर सकते. जैसे किसी की आवाज बहुत अछि हो और वह एक प्रसिद्द गायक बनना चाहता हो परन्तु अगर वह मंच पर जाने का साहस न करे तो वह अपने सपनो को साकार नही कर सकता . अतः अगर सफलता चाहते हैं तो सही कार्यों को करने का साहस पैदा करिये. स्वामी विवेकानन्द कहते हैं – “क्या तुम पर्वताकार विघ्न बाधाओं को लांघकर कार्य करने के लिए तैयार हो ? यदि सारी दुनिया हाथ मे नंगी तलवार लेकर तुम्हारे विरोध में खड़ी हो जाए तो भी क्या तुम जिसे सत्य समझते हो उसे पूरा करने का साहस करोगे? यदि तुम्हारे पुत्र कलत्र तुम्हारे प्रतिकुल हो जाए , भाग्य लक्ष्मी तुमसे रूठकर चली जाए , नाम कीर्ति भी तुम्हारा साथ छोड़ दे, तो भी क्या …

Devi Mantro Dwara Prapt Kare Safaltaa

देवी मंत्रो द्वारा सफलता, सुख, सम्पन्नता, सुन्दरता के लिए मंत्र, दुर्गा मंत्रो द्वारा सफलता.
माँ दुर्गा जो की जगत माता हैं, जो की विश्व में शक्ति के रूप में विख्यात हैं, जिनके बिना शिव भी शव के सामान है, जो पुरे विश्व में व्याप्त है, उनकी पूजा से कुछ भी पाना संभव है. जरुरत है तो सिर्फ निष्ठा और सत्य के साथ साधना करने की. 
इसमें कोई शक नहीं की माता सबका कल्याण करने में समर्थ है. इनकी पूजा विभिन्न रूपों में होती आई है . साधक विभिन्न प्रकार की सिद्धी के लिए इनके भिन्न भिन्न प्रकार के मंत्रो का जप करते हैं और माता सभी का कल्याण करती हैं.  इस लेख में हम कुछ ऐसे स्त्रोत देखेंगे जो की स्व कल्याण और जन कल्याण के लिए अति उपयोगी हैं. इनका स्तेमाल हमे बहुत लाभ देता आया है. दशको से लोग इन स्त्रोतों का पाठ करते आये हैं.  अगर आप सौदर्य चाहते हैं, अगर आप एक अच्छा व्यक्तित्व चाहते हैं, अगर आप एक सुखी और संपन्न जीवन चाहते हैं तो ये सब देवी पूजा से संभव है.  देवी अराधना में कुछ चीजो का ध्यान जरुर रखना चाहिए:आसन बिना साधना ना करे. शुद्धता जरुर बनाए रखे. मंत्र पर, देवी पर और खुद पर पूरा भरोसा रखे. थोडा भ…

Shree Mahalaxmi Astkam Dhan Devi Ko Prasann Karne Ke liye

Kaise kare mahalaxmi ko prasann, mahalaxmi astkam with Hindi Meaning.
जब महालक्ष्मी जी को प्रसन्न करने की बात आती है तो हम कोई भी मौक़ा छोड़ना नहीं चाहते हैं. इसी सन्दर्भ में एक बहुत ही शक्तिशाली स्त्रोतम का उल्लेख शाश्त्रो में मिलता है जो की इन्द्र देवता के द्वारा रचा गया है. इसका पाठ अगर कोई रोज करता है तो निश्चित ही सफलता के रास्ते खुल जाते हैं.

अतः श्रद्धा और विश्वास से इसका पाठ जरुर करे. स्त्रोत पाठ से पहले लक्ष्मी जी के आगे दीपक जरुर जलाए और गूगल की धुप जलाए.  आइये पाठ करते है महालक्ष्मी अस्त्कम का : नमस्तेऽस्तु महामाये श्रीपीठे सुरपूजिते । शङ्खचक्रगदाहस्ते महालक्ष्मि नमोऽस्तुते ॥१॥

नमस्ते गरुडारूढे कोलासुरभयंकरि । सर्वपापहरे देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते ॥२॥

सर्वज्ञे सर्ववरदे सर्वदुष्टभयंकरि । सर्वदुःखहरे देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते ॥३॥

सिद्धिबुद्धिप्रदे देवि भुक्तिमुक्तिप्रदायिनि । मन्त्रमूर्ते सदा देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते ॥४॥

आद्यन्तरहिते देवि आद्यशक्तिमहेश्वरि । योगजे योगसम्भूते महालक्ष्मि नमोऽस्तुते ॥५॥

स्थूलसूक्ष्ममहारौद्रे महाशक्तिमहोदरे । महापापहरे देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते…