Mahashivratri kab hai 2026 mai, क्या करे शिवरात्रि को, कैसे कर सकते है शिव पूजा, किस प्रकार की पूजाए संभव है शिवरात्रि मे, समस्याओं का समाधान महाशिवरात्रि मे. Mahashivratri 2026: हिन्दू धर्म ग्रंथो के अनुसार शिवरात्रि एक बहुत ही महत्त्वपूर्ण रात्रि होती है, साधनाओ को करने हेतु महाशिवरात्रि एक शक्तिशाली रात्रि मानी गई है. भौतिक इच्छाओं को पूरी करना हो या फिर अध्यात्मिक, शिवरात्रि बहुत महत्तवपूर्ण समय होता है अनुष्ठानो को करने के लिए | ऐसा माना जाता है कि महाशिवरात्रि की दिव्य रात्रि में की गई पूजा से हजारो वर्षों की पूजा का फल मिलता है | सन 2026 में महाशिवरात्रि 15 फ़रवरी रविवार को है, चतुर्दशी तिथि 15 तारीख को शाम में लगभग 05:07 बजे से शुरू हो जायेगी और 16 तारीख को शाम में लगभग 5:35 बजे तक रहेगी | Shivratri Ko Kya Kare Jyotish Ke Hisab Se यह दिव्य रात्रि पुरुष, स्त्री, प्रेमी, रोगी सभी के लिए उपयोगी है क्योंकि शिवरात्रि को हम अपनी किसी भी मनोकामना के लिए अनुष्ठान कर सकते हैं। शिवरात्रि की रात पूजा और ध्यान करने से पापों का नाश संभव है। इस रात को भगवान शिव और देवी पार्वती...
Santan Mai Deri Ke Jyotishiy Karan Aur Samadhan, क्यों देरी होती है संतान होने में , ज्योतिष और संतान प्राप्ति , संतान प्राप्ति हेतु ज्योतिषीय मार्ग दर्शन. एक सुन्दर, स्वस्थ संतान की चाह हर दंपत्ति को होती है परन्तु कुछ लोगो को इसमे बहुत परेशानी होती है, समय पर संतान न होना कई परेशानियों को जन्म देता है. कुछ दंपत्ति तो पूर्ण रूप से काबिल होने के बावजूद भी संतान लाभ से वंचित रह जाते हैं , इसके कई कारण हो सकते हैं परन्तु उन सिर्फ ज्योतिष द्वारा ही जाना जा सकता है. Santan Mai Deri Ke Jyotishiy Karan Aur Samadhan कुंडली में ग्रहों को देखकर बहुत कुछ जाना जाता है जो की ऊपर से नहीं दीखता है. आइये जानते हैं कुछ कारण जिससे की संतान प्राप्ति में देरी होती है : अगर विवाह में गुण मिलन में अंक कम मिल रहे हो तो विशेषकर अगर भकूट दोष हो तो संतान समस्या आ सकती है. अगर कुंडली का संतान भाव दूषित हो तो भी संतान होने में देरी हो सकती है. कई बार काले जादू के कारण किसी महिला की कोख बाँध दी जाती है जिसके कारण भी संतान नहीं हो पाती है सभी काबिलियत होने के बावजूद भी. कुछ लोग सर्प श्राप के कार...