Mangal Gochar in Kumbh Rashi 2026, मंगल का कुंभ राशि में गोचर कैसा रहेगा 12 राशियों के लिए, कब होगा मंगल का कुम्भ राशि में प्रवेश, Mangal Ka Gochar Kumbh Rashi Mai Kaisa Rahega. Mangal Gochar 2026 : वैदिक ज्योतिष के अनुसार ग्रहों के सेनापति मंगल 23 February को शनि की राशि कुम्भ में प्रवेश करेंगे और सम के हो जायेंगे | मंगल ग्रह का सम्बन्ध ताकत, ऊर्जा, भूमि, भाई, साहस, पराक्रम, युद्ध आदि से होता है | मंगल ग्रह मेष और वृश्चिक राशि के स्वामी कहलाते हैं | मंगल मकर राशि में उच्च के होते हैं और कर्क राशि में नीच के होते हैं | Mangal Ka Gochar Kumbh Rashi Mai Kaisa Rahega आइये जानते हैं मंगल के गोचर का समय क्या रहेगा ? ग्रहों के सेनापति मंगल 23 February को अपने सम राशि कुम्भ में प्रवेश करेंगे दिन में लगभग 11:32 बजे | यहाँ पहले से ही सूर्य, बुध, शुक्र और राहु मौजूद हैं जिससे कुम्भ राशि में 5 ग्रहों की युति होगी जिसके कारण कुछ लोगो के करियर, प्रेम जीवन, मौसम, स्वास्थ्य, सामाजिक जीवन आदि में बड़े परिवर्तन देखने को मिलेंगे | आइये जानते हैं 12 राशियों पर क्या असर होगा ?: Ma...
अष्टावक्र गीता भाग-3, राजा जनक को ज्ञान होने के उनके विचारों को सुनके अष्टावक्र जी ने क्या कहा ? अष्टावक्र गीता के भाग 2 में हमने जाना कि राजा जनक को ज्ञान होने के बाद उनके अंदर से किस प्रकार के विचार स्फुरित हुए उनके विचार सुनने के बाद अष्टावक्र जी राजन की स्थिति को सही तरीके से जांचना चाहते थे की कहीं राजा को बौद्धिक भ्रम तो नहीं हुआ है या फिर वास्तव में आत्मज्ञान हुआ है और इसीलिए उन्होंने कुछ प्रश्न किये और उन्हें कुछ बातें बताई जिसका वर्णन अष्टावक्र गीता के भाग 3 में दिया गया है तो आइए जानते हैं की अष्टावक्र जी क्या कहते हैं | Ashtavakra Geeta Bhaag 3 Astavakra Geeta in Hindi (Third Lesson): अद्वैत अविनाशी आत्मा को यथार्थ में पहचान करके तुझ आत्मज्ञानी धीर को धन संग्रह करने में प्रीति क्यों है? ||1|| आश्चर्य है आत्मा के अज्ञान से विषय का भ्रम होने पर वैसी ही प्रीति होती है जैसे सीपी के अज्ञान से चांदी के भ्रम में लोभ पैदा होता है ||2|| जिस आत्मा रूपी समुद्र में यह संसार तरंगों के समान स्फुरित होता है, वही मैं हूं, इस प्रकार जान करके तू क्यों दीनों की तरह दौड़ता है ? ||3|| यह स...