मिथुन लग्न: अस्त चंद्रमा के 12 भावों में प्रभाव व उपाय, Mithun Lagn Ki Kundli Mai Ast Chandrama Ka 12 Bhavon Me Prabhav, Jyotish Updates. मिथुन लग्न में चंद्रमा दूसरे भाव का स्वामी होता है, जो परिवार, वाणी, धन-संपत्ति, मूल्य और भोजन की आदतों का प्रतिनिधित्व करता है। जब चंद्रमा अस्त (Combust) हो जाता है (अर्थात सूर्य के बहुत नज़दीक आ जाता है), तब उसकी प्राकृतिक शक्तियाँ कमज़ोर हो जाती हैं, जिससे भावनात्मक स्थिरता, आर्थिक पक्ष और पारिवारिक जीवन प्रभावित होता है—यह सब इस बात पर निर्भर करता है कि चंद्र किस भाव में स्थित है। अस्त चंद्रमा मानसिक तनाव बढ़ाता है क्योंकि मिथुन राशि का स्वामी बुध है—जो बुद्धि और विश्लेषण का ग्रह है—जबकि चंद्रमा भावनाओं का प्रतिनिधि है। Mithun Lagn Ki Kundli Mai Ast Chandrama Ka 12 Bhavon Mai Prabhav aur Upay अस्त चंद्रमा क्या होता है? जब चंद्रमा सूर्य के बहुत करीब आ जाता है, तब उसे अस्त (Combust) कहा जाता है। इस स्थिति में चंद्रमा की शक्ति कम हो जाती है, जिससे: भावनाओं की अभिव्यक्ति कमजोर होती है अधिक सोचने की प्रवृत्ति बढती है आर्थिक अस...
Mahakumbh 2025 ke shahi snaan ki tarikhe, महाकुंभ में शाही स्नान कब-कब हैं ?, कुम्भ स्नानों की तारीखें, Dates of royal bath in mahakumbh| Mahakumbh 2025 Shahi Snan Kab Kab Hai: दुनिया के सबसे बड़े धार्मिक आयोजन के अंतर्गत महाकुंभ आता है जिसमे शाही स्नान का बहुत अधिक महत्त्व होता है | ऐसी मान्यता है की शाही स्नान के दिन नदी में नहाने और डुबकी लगाने से सारे पापों का नाश होता है और मोक्ष के द्वार खुलते हैं | दुनिया भर से लोग महाकुम्भ में भाग लेने आते हैं | Mahakumbh 2025 ke Shahi Snaan ki Tarikhe Mahakumbh 2025 shahi snaan ki tarikhen: इस साल 2025 में १३ जनवरी सोमवार को पौषी पूर्णिमा के दिन से महाकुम्भ की शुरुआत होगी भारत के प्रयागराज में | 45 दिनों तक चलने वाले इस महाकुम्भ का समापन २६ फ़रवरी 2025 को शिव रात्री के दिन होगा | महाकुम्भ में कुल 6 स्नान होंगे जिसमे से ३ शाही स्नान होंगे | हर स्नान में बड़ी संख्या में साधु संत और श्रद्धालु त्रिवेणी संगम में स्नान करेंगे और पुण्य पाप्त करेंगे | Watch Video Here आइए जानते हैं की हिन्दू पंचांग के अनुसार कब-कब होंगे स्नान और शाह...