Mangal Ka Gochar Makar Rashi Mai Kab Hoga, मंगल का मकर राशि में गोचर – 16 जनवरी, वैदिक ज्योतिष में मकर राशि में मंगल का प्रभाव, Jyotish Updates, मंगल के राशि परिवर्तन का प्रभाव।. Mangal Ka Gochar Makar Rashi Mai: 16 जनवरी को लगभग सुबह 3:51 बजे, अग्नि तत्व ग्रह मंगल वैदिक ज्योतिष अनुसार मकर राशि में प्रवेश करेगा। यह गोचर अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है क्योंकि मकर राशि में मंगल उच्च होता है, अर्थात इसकी ऊर्जा, अनुशासन और साहसिक गुण अपने चरम रूप में प्रकट होते हैं। Mangal Ka Gochar Makar Rashi Mai यह गोचर क्यों महत्वपूर्ण है? मंगल दर्शाता है: कर्म एवं ऊर्जा साहस एवं पहल उत्साह एवं महत्वाकांक्षा रणनीति एवं प्रतियोगिता इंजीनियरिंग, सेना एवं खेल गुस्सा, आक्रामकता एवं संघर्ष मकर राशि (शनि शासित) दर्शाती है: अनुशासन एवं संरचना कर्तव्य एवं अधिकार दृढ़ता एवं दीर्घकालिक योजना मेहनत एवं व्यवहारिकता जब मंगल इस पृथ्वी तत्व राशि में प्रवेश करता है, तो कच्ची आक्रामकता एक योजनाबद्ध और संरचित प्रयास में बदल जाती है। यह समय उपयुक्त है: रणनीतिक कार्य...
सांसारिक प्रलोभनों का जाल, कैसे मनुष्य नश्वर वस्तुओं का आनंद लेते हुए आखरी में पछताता है?, कैसे छला जाता है मनुष्य इस दुनिया में. sansarik jaal ||श्री गुरु देव शरणम् || संसार एक ऐसी मायावी दुनिया है जहाँ मनुष्य ने अपनी कल्पनाओं को साकार करते हुए अपने आपको उलझा रखा है और अपने आप से ही दूर हो गया है. इंसान इस दुनिया में आता तो अकेला ही है और खाली हाथ भी, परन्तु इस दुनिया में प्रवेश करते ही वो ना-ना प्रकार के प्रलोभनों में फंसता चला जाता है. बचपन में खिलौने और पढ़ाई, युवा अवस्था में ताकत हासिल करना, विवाह करना, काम क्रीड़ा का आनंद लेना, बच्चे पैदा करना, नौकरी करना, अपने स्टेटस को बढ़ाना, ऐशो आराम की चीजो को बढ़ाते रहना आदि और इस प्रकार पूरा जीवन कब निकल जाता है पता ही नहीं चलता है. बुढ़ापे में या तो बिस्तर पकड़ के अपनी आखरी सांस की प्रतीक्षा करता है या फिर अपने बच्चो की सेवा चाकरी में लगा रहता है. समय निकलने के बाद पता चलता है की “माया मिली ना राम” भगवान् की सारी रचनाओं में से सिर्फ इंसान ही ऐसी रचना है जिसके पास अथाह शक्ति है, विवेक है. इंसान ने अपनी साधना, तपस्याओ द्वारा...