Skip to main content

Meen Raashi Rahasya | Pisces Astrology In Hindi

मीन राशि रहस्य, मीन राशि के गुण, मीन राशि की प्रकृति, Pisces astrology in Hindi,  Nature of Pisces tips for success, FREE.
meen rashifal aur hindi jyotish
Meen Raashi Rahasya

  • मीन राशि का स्वामी ग्रह है गुरु और इसका सम्बन्ध जल तत्व से है. इस राशि के द्वारा हम महसूस करने की शक्ति, आध्यात्मिक शक्ति, प्रेम, देख भाल करने का गुण आदि को देखते हैं.
  • मीन राशि का रत्न है पिला पुखराज.
  • इनसे सम्बंधित दिन गुरुवार या Thursday है.
  • इन राशी वाले लोगो से सम्बंधित दिशा है उत्तर.
  • मीन राशि की मित्र राशियाँ हैं- मेष, वृषभ, कर्क, वृश्चिक, धनु और मकर.
  • बेमेल राशियाँ है मिथुन, सिंह, कन्या, तुला और कुम्भ.
Watch video here: 

कुछ महत्वपूर्ण तथ्य जानिए:

  1. राशि चक्र में बारहवीं राशि है मीन जो की गुरु ग्रह द्वारा संचालित होती है.
  2. ये राशि बहुत ही अध्यात्मिक है.
  3. ऐसे जातक के अन्दर सबके लिए सहानुभूति होती है और सबकी मदद करने को तैयार रहते है.
  4. मीन राशि के जातक अच्छे दोस्त, अच्छे मददगार, अच्छे साथी और कुल मिलकर एक अच्छे मानव होते है.
  5. ऐसे लोग किसी भी विषय को गहराई में जान सकते हैं. ऐसे लोग बुद्धिमान, अंतर्मुखी होते है और दूसरों का उत्साहवर्धन करना भी खूब जानते हैं.
अगर कुंडली में मीन राशी के स्वामी गुरु ग्रह की स्थिति अच्छी हो तो निश्चित ही ऐसा जातक विद्वान्, दयावान, ज्ञानी होता है और एक सफल जीवन व्यतीत करता है. वहीँ अगर गुरु अशुभ अवस्था में हो तो जातक को विभिन्न प्रकार की परेशानिया आती है, जातक अपने ज्ञान का उपयोग नहीं कर पाता है, अवसाद ग्रस्त रहता है. सुख और शांति के लिए बहुत संघर्ष करना होता है. 
ऐसे में ये जरुरी है की अच्छे ज्योतिष को कुंडली दिखा के सही उपायों को अपनाया जाए.



और सम्बन्धित लेख पढिये:
मेष राशी के बारे में जानिए हिंदी में
वृषभ राशी के लोग कैसे होते हैं
मिथुन राशी के लोग कैसे होते हैं
कर्क राशी के लोग और हिंदी ज्योतिष
सिंह राशी के लोग और हिंदी ज्योतिष
कन्या राशी के लोग और हिंदी ज्योतिष
तुला राशी के बारे में ज्योतिष क्या कहता है
वृश्चिक राशी के बारे में जानिए
धनु राशी के बारे में जानिए
मकर राशी के बारे में जानिए
कुम्भ राशी का ज्योतिष महत्त्व

मीन राशि रहस्य, मीन राशि के गुण, मीन राशि की प्रकृति, Pisces astrology in Hindi,  Nature of Pisces tips for success, FREE.

Comments

Popular posts from this blog

Suar Ke Daant Ke Totke

Jyotish Me Suar Ke Daant Ka Prayog , pig teeth locket benefits, Kaise banate hai suar ke daant ka tabij, क्या सूअर के दांत का प्रयोग अंधविश्वास है. सूअर को साधारणतः हीन दृष्टि से देखा जाता है परन्तु यही सूअर पूजनीय भी है क्यूंकि भगवान् विष्णु ने वराह रूप में सूअर के रूप में अवतार लिया था और धरती को पाताल लोक से निकाला था. और वैसे भी किसी जीव से घृणा करना इश्वर का अपमान है , हर कृति इस विश्व में भगवान् की रचना है. Suar Ke Daant Ke Totke सूअर दांत के प्रयोग के बारे में आगे बताने से पहले कुछ महत्त्वपूर्ण बाते जानना चाहिए : इस प्रयोग में सिर्फ जंगली सूअर के दांत का प्रयोग होता है. किसी सूअर को जबरदस्त मार के प्रयोग में लाया गया दांत काम नहीं आता है अतः किसी भी प्रकार के हिंसा से बचे और दुसरो को भी सचेत करे. वैदिक ज्योतिष में सूअर के दांत के प्रयोग के बारे में उल्लेख नहीं मिलता है. इसका सूअर के दांत के प्रयोग को महुरत देख के ही करना चाहिए. कई लोगो का मनना है की सुकर दन्त का प्रयोग अंधविश्वास है परन्तु प्रयोग करके इसे जांचा जा सकता है , ऐसे अनेको लोग है जो अपने बच्चो

om kleem krishnaay namah mantra ka mahattw

om kleem krishnaya namah benefits in hindi, ॐ क्लीं कृष्णाय नमः मंत्र के लाभ और अर्थ, ॐ क्लीं नमः का जाप कैसे करे, क्लीं बीज का रहस्य वशीकरण मंत्र ॐ क्लीं कृष्णाय नमः का रहस्य.  क्लीं बीज मंत्र काली देवी से संबंधित है और बहुत शक्तिशाली है। इस मंत्र के जाप से एक दिव्य आभा और आकर्षण शक्ति विकसित होती है जो दैवीय ऊर्जाओं के साथ-साथ भौतिक सुखों को आकर्षित करने में मदद करती है।  श्री कृष्ण भगवान विष्णु के अवतार हैं और महान व्यक्तित्व, प्रेम, ज्ञान और बुद्धि के प्रतीक हैं। om kleem krishnaay namah mantra ka mahattw " ॐ क्लीं कृष्णाय नमः " एक अद्भुत मंत्र है जो जप करने वाले को सब कुछ प्रदान करने में सक्षम है और इसलिए भक्तों द्वारा दशकों से इसका उपयोग किया जाता रहा है। यह मंत्र देवी दुर्गा के साथ-साथ कृष्ण की भी शक्ति रखता है और इसलिए यह उन सभी के लिए एक दिव्य मंत्र है जो जीवन में जल्द ही सफलता चाहते हैं। "ॐ क्लीं कृष्णाय नमः" एक शक्तिशाली मंत्र है जो आंतरिक आध्यात्मिक ऊर्जा का आह्वान करता है जिसका लगातार जप किया जाता है इसलिए जो लोग आध्यात्मिक विकास चाहते हैं उनके लिए

84 Mahadev Mandir Ke Naam In Ujjain In Hindi

उज्जैन मंदिरों का शहर है इसिलिये अध्यात्मिक और धार्मिक महत्त्व रखता है विश्व मे. इस महाकाल की नगरी मे ८४ महादेवो के मंदिर भी मौजूद है और विशेष समय जैसे पंचक्रोशी और श्रवण महीने मे भक्तगण इन मंदिरों मे पूजा अर्चना करते हैं अपनी मनोकामना को पूरा करने के लिए. इस लेख मे उज्जैन के ८४ महादेवो के मंदिरों की जानकारी दी जा रही है जो निश्चित ही भक्तो और जिज्ञासुओं के लिए महत्त्व रखती है.  84 Mahadev Mandir Ke Naam In Ujjain In Hindi आइये जानते हैं उज्जैन के ८४ महादेवो के मंदिरों के नाम हिंदी मे : श्री अगस्तेश्वर महादेव मंदिर - संतोषी माता मंदिर के प्रांगण मे. श्री गुहेश्वर महादेव मंदिर- राम घाट मे धर्मराज जी के मंदिर मे के पास. श्री ढून्देश्वर महादेव - राम घाट मे. श्री अनादी कल्पेश्वर महादेव- जूना महाकाल मंदिर के पास श्री दम्रुकेश्वर महादेव -राम सीढ़ियों के पास , रामघाट पे श्री स्वर्ण ज्वालेश्वर मंदिर -धुंधेश्वर महादेव के ऊपर, रामघाट पर. श्री त्रिविश्तेश्वर महादेव - महाकाल सभा मंडप के पास. श्री कपालेश्वर महादेव बड़े पुल के घाटी पर. श्री स्वर्न्द्वार्पलेश्वर मंदिर- गढ़ापुलिया