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Ashadh Mahine Ki Gupt Navratri Ka Mahattw

Gupt Navratri kab se hai 2026,  गुप्त नवरात्री की महिमा, क्या करे जीवन को सफल बनाने के लिए,  Ashad mahine ki gupt navratri 2026.    Gupt Navratri 2026:  नवरात्री का अर्थ है 9 विशेष दिन जब कोई भी व्यक्ति साधना कर सकता है अपने अध्यात्मिक लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए या फिर भौतिक लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए | ज्योतिष के हिसाब से और तंत्र के हिसाब से भी नवरात्री बहुत महत्त्वपूर्ण दिन होते हैं जब हम अपने जीवन को निष्कंटक करने के लिए साधना कर सकते हैं, पूजा कर सकते हैं. इस बार    15 july, Budhwar से 22 जुलाई  तक अषाढ़ महीने की गुप्त नवरात्री रहेगी,  चतुर्थी तिथि का क्षय होने के कारण गुप्त नवरात्री 8 दिनों की होगी.  इन दिनों तांत्रिक, सिद्धि हेतु पूजाएँ करते हैं, अध्यात्मिक जिज्ञासु ज्ञान हेतु साधनाएं करते हैं और सांसारिक लोग भौतिक इच्छाओं की पूर्ति हेतु साधना करते हैं. इस बार माता की सवारी नौका रहेगी अतः बारिश के अच्छे संकेत हैं. Ashadh Mahine Ki Gupt Navratri Ka Mahattw 🌺 चैत्र नवरात्रि कैलेंडर 2026 🌺 तिथि दिन व त...

Shani Pushya Ka Mahattw In hindi Jyotish

शनि पुष्य का महत्त्व इन हिंदी ज्योतिष, क्या करे शनि पुष्य योग में, कैसे लाये शुभता, सम्पन्नता.

नक्षत्रों में पुष्य का बहुत अधिक महत्त्व है और इसे राजा कहा जाता है|  इसके स्वामी हैं शनिदेव और अधिष्ठाता देवता हैं बृहस्पति। जब पुष्य नक्षत्र कुछ विशेष वार को पड़ता है तो उस दिन का महत्ता बहुत बढ़ जाता है जैसे रविवार को पुष्य नक्षत्र आने पर रवि-पुष्य योग बनता है, गुरुवार को आने से गुरु-पुष्य योग बनता है शनिवार को आने से शनि-पुष्य योग बनता है.
shani pushya ka mahatttw, kya kare swasthy sampannta ke liye
Shani Pushya Ka Mahattw In hindi Jyotish
शनि ग्रह, पुष्य नक्षत्र के स्वामी है जिसके कारण शनि –पुष्य का महत्त्व और अधिक बढ़ जाता है. इस दिन अनेक शुभ कार्यो को किया जा सकता है ज्योतिष अनुसार. 
8 फ़रवरी 2020, शनिवार को चौदस के दिन शनि पुष्य का शुभ संयोग बन रहा है..........
इस दिन शनि देव को प्रसन्न करने के लिए या फिर शनि कारण जीवन में उत्पन्न परेशानी को दूर करने के लिए अनेक प्रयोग किये जा सकते हैं. जिनके कुंडली में साढ़ेसाती या ढैया चल रहा है वे भी इस दिन का लाभ उठा सकते हैं आसानी से.

आइए जानते हैं शनि-पुष्य को कौन से उपाय बना सकते हैं जीवन को सफल:

  • शनि पीड़ा को दूर करने के लिए शनि मंदिर में कडवे तेल का दीपक लगा के कम से कम ८ बार शनि चालीसा का पाठ करे और दुखी लोगो को उनके जरुरत का सामान दान करे.
  • शनि साड़े साती या फिर धैया के दुष्प्रभाव को कम करने के लिए इस दिन जरुरत मंद को जुटे या चप्पल दान करे.
  • किसी बड़े संकट को टालने के लिए इस दिन रुद्राभिषेक या फिर शनि देव का अभिषेक बहुत लाभदायक रहेगा.
  • अगर रोग जा नहीं रहा हो तो इस दिन रोटी में सरसों का तेल लगा के उसमे काला तिल और गुड रखे फिर रोगी के ऊपर से ८ बार उतार के उसे काली गाय या कुत्ते को खिला दे, शाम को और ८ शनिवार लगातार करे.
  • अगर शत्रु ने काला जादू किया है तो इसके लिए नारियल , निम्बू से इस दिन उतरा करना लाभदायक रहेगा.
  • ये दिन शनि देव को प्रसन्न करने के लिए एक सर्वश्रेष्ठ दिन है.
  • अगर कोई शनि साढ़े साती से या फिर शनि ढईया से ग्रस्त है तो इस दिन शनि शांति पूजा से विशेष लाभ मिल सकता है.
  • इस दिन शनि देव का सरसों के तेल या फिर तिल के तेल से अभिषेक करने से विशेष फल प्राप्त होता है और परेशानियों से छुटकारे के रास्ते खुलते हैं.
  • शनि पुष्य को जरुरतमंदों को कम्बल, लोहे के बर्तन, तिल की मिठाइयाँ, तेल आदि जरुरतमंदो को बांटना चाहिए.
  • शनि पुष्य को शनि मंदिर में दीप दान करने से भी लाभ होगा साथ ही शनि चालीसा का पाठ करे और शनि देव के १०८ नामो का जप करे.
  • शनि पुष्य को बड़ो का आशीर्वाद लेने से भाग्य में वृद्धि होती है.
  • इस दिन जानवरों और अन्य लोगो के लिए जल की व्यवस्था करने से भी पुण्य लाभ लिया जा सकता है.


क्या खरीदी के लिए और शुभ कार्यो के शानिपुष्य शुभ है?

  1. हालाँकि बहुत से लोग शनिवार को खरीदी से कतराते हैं परन्तु यहाँ ये ध्यान रखना चाहिए की अगर कुंडली में शनि ख़राब है तो इस दिन खरीदी से बचे अन्यथा आप खरीदी कर सकते हैं. वही जब शनि-पुष्य जैसा शुभ संयोग बने तो आप इसका लाभ उठा सकते हैं.
  2. इस दिन के प्रताप से स्थाईत्त्व बढ़ता है, शुभता आती है.
  3. इस दिन अगर कोई नई नौकरी की शुरुआत करे तो लम्बे समय तक वहां रुकने के और आगे बढ़ने के योग बनते हैं.
  4. अगर इस दिन खरीदी संपत्ति भी स्थाई बनती है परन्तु कुंडली में भी शनि शुभ होना चाहिए..
  5. अगर कुंडली में शनि ख़राब हो तो ऐसे में इस दिन शनि पूजा करवानी चाहिए, इससे बहुत लाभ होगा.
  6. इस दिन घर दूकान की विशेष सफाई करके धुप दिखाना चाहिए, इससे धन लक्ष्मी और शुभता आती है.
  7. जिनको नीलम रत्न फलता है , वे इस दिन खरीद के धारण कर सकते हैं.
  8. क्या ख़रीदे शनि पुष्य को ?
  9. कुछ लोग सोना, चांदी खरीद सकते हैं, कुछ लोग सफाई का सामान खरीद सकते हैं, कुछ लोग. कुछ लोग वाहन, और इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों को भी खरीद सकते है. बस एक बार ज्योतिष से भी परामर्श अवश्य ले ले.

आइये अब जानते हैं किय शनि पुष्य को क्या नहीं करना चाहिए ?

  1. इस दिन मांसाहार नहीं करना चाहिए.
  2. किसी भी प्रकार के हिंसा से शनि पुष्य को बचना चाहिए.
  3. किसी को भी इस दिन नुक्सान न पहुचाएं.
  4. शनि पुष्य को मदिरा या किसी भी प्रकार के नशे से दूर रहे.
शनि पुष्य एक पवित्र दिन है और इस दिन अपने आप को भी पवित्र रखके पूजा पाठ करना चाहिए जिससे की जीवन सफल हो जाए.



शनि पुष्य का महत्त्व इन हिंदी ज्योतिष, क्या करे शनि पुष्य योग में, कैसे लाये शुभता, सम्पन्नता.

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