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17 फ़रवरी का सूर्य ग्रहण कितने बजे लगेगा ?
सूर्य ग्रहण कहाँ दिखाई देगा?
सूर्य ग्रहण का सूतक कब से लगता है?
सूर्य ग्रहण का ज्योतिषीय महत्त्व :
- ग्रहण के दौरान कुछ भी खाना पीना न करें.
- जप और ध्यान करें.
- गर्भवती महिलाएँ विशेष सावधानी रखें, भूलकर भी बाहर ना निकलें .
- ग्रहण पश्चात स्नान, वास्तु शुद्धि, दान-पुण्य करें.
आइये जानते हैं की सूर्य ग्रहण के दिन विभिन्न राशियों को किस प्रकार की सावधानी रखना चाहिए ?
♈ मेष (Aries)
मेष राशि के लिए यह ग्रहण लाभ भाव को सक्रिय कर सकता है। मित्रों से जुड़े मामलों में बदलाव संभव है। आय के स्रोतों में उतार-चढ़ाव आ सकता है। भविष्य की योजनाओं पर पुनर्विचार करेंगे।
सावधानी: मित्रों से विवाद से बचें, बड़े निवेश टालें और किसी पर आँख मूँदकर भरोसा न करें।
♉ वृषभ (Taurus)
यह ग्रहण कर्म और करियर क्षेत्र में प्रभाव डाल सकता है। नौकरी में अचानक परिवर्तन या अधिकारियों के साथ मतभेद संभव हैं। कार्यस्थल पर दबाव बढ़ सकता है।
सावधानी: वरिष्ठों से विनम्र व्यवहार रखें, जल्दबाज़ी में नौकरी परिवर्तन न करें और धैर्य बनाए रखें।
♊ मिथुन (Gemini)
भाग्य, उच्च शिक्षा और यात्रा से जुड़े मामलों में प्रभाव दिख सकता है। विचारधारा में बदलाव आ सकता है। विदेश या लंबी यात्रा में रुकावट संभव है।
सावधानी: महत्वपूर्ण निर्णय कुछ समय के लिए टालें, कानूनी मामलों में सावधानी रखें।
♋ कर्क (Cancer)
साझा धन, ऋण, बीमा या पारिवारिक गुप्त विषय उजागर हो सकते हैं। मानसिक तनाव बढ़ सकता है।
सावधानी: उधार लेने-देने से बचें, भावनात्मक संतुलन बनाए रखें और ध्यान-प्रार्थना करें।
♌ सिंह (Leo)
दांपत्य और साझेदारी में प्रभाव दिख सकता है। जीवनसाथी या बिज़नेस पार्टनर के साथ मतभेद संभव हैं।
सावधानी: विवाद से बचें, संवाद में संयम रखें और बड़े समझौते फिलहाल टालें।
♍ कन्या (Virgo)
स्वास्थ्य और दैनिक कार्यों पर प्रभाव पड़ सकता है। कार्यभार बढ़ सकता है और थकान महसूस हो सकती है।
सावधानी: खानपान का ध्यान रखें, आराम करें और छोटी स्वास्थ्य समस्याओं को नजरअंदाज न करें।
♎ तुला (Libra)
प्रेम संबंध, संतान और रचनात्मक कार्यों में उतार-चढ़ाव संभव है। भावनात्मक अस्थिरता हो सकती है।
सावधानी: सट्टा या जोखिम भरे निवेश से बचें, संबंधों में धैर्य रखें।
♏ वृश्चिक (Scorpio)
घर-परिवार और संपत्ति से जुड़े मामलों में बदलाव संभव है। पारिवारिक वातावरण में तनाव हो सकता है।
सावधानी: संपत्ति संबंधी निर्णय टालें, परिवार में शांति बनाए रखें।
♐ धनु (Sagittarius)
संचार, छोटे भाई-बहन और छोटी यात्राओं पर प्रभाव पड़ सकता है। गलतफहमी की संभावना है।
सावधानी: सोच-समझकर बोलें, दस्तावेज़ ध्यान से पढ़ें और अनावश्यक बहस से बचें।
♑ मकर (Capricorn)
धन और बचत पर प्रभाव पड़ सकता है। अचानक खर्च सामने आ सकते हैं। आत्मविश्वास में कमी महसूस हो सकती है।
सावधानी: बजट पर नियंत्रण रखें, बड़े खर्च टालें।
♒ कुंभ (Aquarius)
इस राशि में ग्रहण होने के कारण इसका प्रभाव अधिक रह सकता है। व्यक्तित्व, स्वास्थ्य और जीवन दिशा में बदलाव के संकेत मिल सकते हैं।
सावधानी: बड़े व्यक्तिगत निर्णय टालें, स्वास्थ्य का ध्यान रखें और आत्मचिंतन करें।
♓ मीन (Pisces)
मानसिक शांति और नींद पर असर पड़ सकता है। आंतरिक भय या पुरानी बातें मन में आ सकती हैं।
सावधानी: ध्यान-योग करें, सकारात्मक सोच बनाए रखें और पर्याप्त विश्राम लें।
आइए अब जानते हैं, कैसे हम सूर्य ग्रहण के समय का सदुपयोग जीवन को अद्भुत बनाने के लिए कर सकते हैं:
- यदि आप जीवन में आर्थिक समस्या का सामना कर रहे हैं तो सूर्य ग्रहण के समय में जितना हो सके महालक्ष्मी अष्टकम या श्री सूक्त का पाठ करना अच्छा है। यह निश्चित रूप से महालक्ष्मी के आशीर्वाद को आकर्षित करेगा।
- जीवन की समस्याओं को कम करने के लिए इस दिन जन्म पत्रिका के अनुसार पाप ग्रहों से संबंधित चीजें दान कर सकते हैं।
- यदि कोई काला जादू से पीड़ित है तो ग्रहण काल में महाकाली कवच का पाठ करना शुभ होता है। इससे बहुत मदद मिलेगी।
- अगर आप लंबे समय से कोई साधना कर रहे हैं तो इस बार चूकें नहीं।
- अगर किसी की जन्म कुंडली में अनेक ग्रह पीड़ित हैं तो नवग्रह शांति मंत्र का जाप करना अच्छा होता है।
- भगवान शिव के भक्त केवल शिव पंचाक्षरी मंत्र- ॐ नमः शिवाय का जाप कर सकते हैं।
सूर्य ग्रहण के समय क्या न करें?
- गर्भवती महिलाओं को सूर्यग्रहण के समय बाहर नहीं जाना चाहिए।
- ग्रहण काल में कुछ भी न खाएं-पिएं।
- इस दौरान सोना ठीक नहीं होता और साथ ही ग्रहण काल में शारीरिक संबंध बनाने से भी बचना चाहिए।
- ग्रहण काल में लड़ाई-झगड़ा न करें अन्यथा अशुभ फल देगा।
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घर को सूर्य ग्रहण के हानिकारक प्रभावों से कैसे मुक्त करें:
- सबसे पहले अपने घर या ऑफिस को झाड़ू से साफ करें।
- नमक के पानी से पोछा लगाएं और इसके बाद हर जगह गंगाजल या पवित्र जल छिड़कें।
- इसके बाद घर में गुग्गुल की धूप जरूर दें और ऐसा करते समय कुछ देर के लिए दरवाजे-खिड़कियां बंद रखें।
- ॐ की ध्वनि चला सकते हैं ।
- ग्रहण काल में नया कार्य प्रारंभ न करें।
- सूर्य मंत्र या गायत्री मंत्र का जप करें।
- ग्रहण के बाद स्नान और दान करना शुभ माना जाता है।
ऐसा करने से आप पाएंगे कि आप, आपका परिवार और आपका घर नकारात्मक ऊर्जाओं से मुक्त हो जायेगा |

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