Skip to main content

Mauni Amavasya In Hindi

मौनी अमावस्या महत्व | Significance of Mauni Amavasya, क्या करे मौनी अमावस्या को सफलता के लिए, सफलता सूत्र.
मौन शक्ति को जागृत करने और शक्ति का संचय करने का सबसे आसान तरीका है. मौन का अंग्रेजी मई अर्थ होता है silence . साधारणतः हम मौन का अर्थ जुबान से चुप रहने को समझते है परन्तु सत्यता ये है की मौन का अर्थ है तन, मन से मौन रहना, शांति में रहना. जब अन्तर से हम मौन होते हैं तो हमे अपनी ही शक्तियों के बारे में जानकारी होती है. परन्तु इस मौन को प्राप्त करने के लिए अत्यंत घोर साधना की जरुरत होती है. जिसकी शुरुआत हम मौनी अमावस्या को कर सकते हैं.

mauni amavasya ko kya kare jyotish anusar
mauni amavasya ka mahattw

ये अमवास्या माघ महीने में आती है हर वर्ष जो की ठण्ड के दिनों में पड़ती है. ये दिन हमे मौका देता है की हम मौन का अभ्यास कम से कम एक दिन तो करके देखे. इस दिन पवित्र नदियों में स्नान का भी बहुत महत्व है. इस दिन पित्र शांति, ग्रहण शांति, काले जादू से बचाव के लिए पूजाए भी की जाती है.

भक्तगण इस दिन उपवास करते हैं, पवित्र नदियों में स्नान करते हैं, तीर्थो में स्नान करते हैं और पूजा पाठ करके पित्र और देवो की कृपा प्राप्त करते हैं. त्रिवेणी संगम में स्नान का भी इस दिन विशेष महत्व है. त्रिवेणी उस जगह को कहते हैं जहा पर तीन नदियाँ मिलती हैं.

मौनी अमावस का दिन है मौन की शक्ति को जाने का, ये दिन है अपने आपको जानने का, ये दिन है अपने आपको ऊर्जा से भरने का अतः इस मौके को बिलकुल भी गवाना नहीं चाहिए.

पौराणिक कथाओ से पता चलता है की इस दिन “मनु ऋषि” का जन्म हुआ था अतः ये दिन इनके जन्मदिन के रूप में भी मनाया जाता है. इस दिन लोग नदी तट , तीर्थो में स्नान करके तर्पण, हवन , पूजन आदि करते हैं जीवन को खुशहाल बनाने के लिए.

क्या करे मौनी अमावस्या को सफलता के लिए ?

  1. इस दिन पूर्ण मौन रखते हुए उपवास करना उचित है.
  2. पवित्र नदी, त्रिवेणी, तीर्थ पर स्नान करके शिव पूजा करना चाहिए और दोषों, पापो की निवृत्ति के लिए प्रार्थना करना चाहिए. पितरो की शांति हेतु भी पूजा करना चाहिए. दिनभर मंत्र जप करना चाहिए, कोई गलत कार्य नहीं काना चाहिए.
  3. अनाज, दक्षिणा, सोना, गौ का दान पात्र को देना चाहिए.
  4. अगर कुंडली में पितृ दोष हो तो तर्पण अवश्य करना चाहिए और पितृ शांति पूजा भी करना चाहिए.
  5. काले तिल से शिवजी का अभिषेक करना चाहिए. तिल के लड्डू , चक्की का भोग लगा के भक्तो में बांटना चाहिए.
  6. मौनी अमावस्या को काली चींटियो को भी भोजन खिलाना चाहिए इससे पुण्य मिलता है और बहुत सी परेशानियाँ ख़त्म होती है.
  7. मौनी अमावस को शाम को दीप दान करना चाहिए, इससे बहुत लाभ होता है.
  8. अगर कोई कालसर्प से ग्रस्त हो तो इस दिन नाग नागिन के जोड़े की पूजा करके नदी में विसर्जित करना चाहिए और अपनी क्षमता अनुसार दान - पुन्य करना चाहिए.
इस प्राकार इस दिन जीवन में सफलता के रास्ते खोलने के लिए पूजा पाठ करना चाहिए.
अगर आप विश्वसनीय ज्योतिष सलाह लेना चाहते है और जानना चाहते हैं अपने कुंडली के बारे में, कुंडली मई मौजूद दोष और उनके निवारण के बारे में तो अभी संपर्क करे.



और पढ़े सम्बंधित लेख:
Mauni amavasya significance in English. 
सोमवती और मौनी अमावस्या का महत्त्व हिंदी मे
सोमवती अमावस्या का महत्त्व हिंदी मे 
हरियाली अमावस्या का महत्त्व

मौनी अमावस्या महत्व | Significance of Mauni Amavasya, क्या करे मौनी अमावस्या को सफलता के लिए, सफलता सूत्र.

Comments

Popular posts from this blog

Suar Ke Daant Ke Totke

Jyotish Me Suar Ke Daant Ka Prayog, pig teeth locket benefits, Kaise banate hai suar ke daant ka tabij, क्या सूअर के दांत का प्रयोग अंधविश्वास है.

सूअर को साधारणतः हीन दृष्टि से देखा जाता है परन्तु यही सूअर पूजनीय भी है क्यूंकि भगवान् विष्णु ने वराह रूप में सूअर के रूप में अवतार लिया था और धरती को पाताल लोक से निकाला था. और वैसे भी किसी जीव से घृणा करना इश्वर का अपमान है , हर कृति इस विश्व में भगवान् की रचना है.
सूअर दांत के प्रयोग के बारे में आगे बताने से पहले कुछ महत्त्वपूर्ण बाते जानना चाहिए :इस प्रयोग में सिर्फ जंगली सूअर के दांत का प्रयोग होता है.किसी सूअर को जबरदस्त मार के प्रयोग में लाया गया दांत काम नहीं आता है अतः किसी भी प्रकार के हिंसा से बचे और दुसरो को भी सचेत करे.वैदिक ज्योतिष में सूअर के दांत के प्रयोग के बारे में उल्लेख नहीं मिलता है.इसका सूअर के दांत के प्रयोग को महुरत देख के ही करना चाहिए.कई लोगो का मनना है की सुकर दन्त का प्रयोग अंधविश्वास है परन्तु प्रयोग करके इसे जांचा जा सकता है , ऐसे अनेको लोग है जो अपने बच्चो को इसका ताबीज पहनाते हैं और कुछ लोग खुद भी पहनते है …

Kala Jadu Kaise Khatm Kare

काला जादू क्या है , कैसे पता करे काला जादू के असर को, कैसे ख़त्म करे कला जादू के असर को, hindi में जाने काले जादू के बारे में. काला जादू अपने आप में एक खतरनाक विद्या है जो की करने वाले, करवाने वाले और जिस पर किया जा रहा है उन सब का नुक्सान करता है. यही कारण है की इस नाम से भी भय लगता है. अतः ये जरुरी है की इससे जितना हो सके बचा जाए और जितना हो सके उतने सुरक्षा के उपाय किया जाए.
ज्योतिष संसार के इस लेख में आपको हम उसी विषय में अधिक जानकारी देंगे की कैसे हम काले जादू का पता कर सकते हैं और किस प्रकार इससे बचा जा सकता है. प्रतियोगिता अच्छी होती है परन्तु जब ये जूनून बन जाती है तब व्यक्ति गलत ढंग से जीतने के उपाय करने से भी नहीं चुकता है. आज के इस प्रतियोगिता के युग में लोग बस जीतना चाहते हैं और इसके लिए किसी भी हद तक जाने से नहीं चुकते हैं और यही पर काला जादू का प्रयोग करने की कोशिश करते है. संपर्क करे ज्योतिष से मार्गदर्शन के लिए >>
आखिर में क्या है काला जादू? हर चीज के दो पहलु होते हैं एक अच्छा और एक बुरा. काला जादू तंत्र, मंत्र यन्त्र का गलत प्रयोग है जिसके अंतर्गत कुछ शक्तियों को प…

Gola Khisakna Kya Hota Hai Aur Iska Ilaaj Kya Hai

Kya Hota hai gola khisakna, nabhi hatne ka matlab kya hai, kaise thik kar sakte hain dharan ko, janiye kuch asaan tarike nabhi ko thik karne ke.
साधारण शब्दों में नाभि खिसकना : जब हम बात करते हैं शारीर के मध्य इस्थान का तब नाभि का ध्यान आता है, जब हम योग के सन्दर्भ में मनिपुरक चक्र की बात करते हैं तब हमे ध्यान आता है नाभि का, जब भी पेट में दर्द होता है तो ध्यान आता है नाभि का. अतः नाभि हमारे शारीर का एक महात्वपूर्ण अंग है, इसी नाभि को गोला या धारण भी कहते हैं. अंग्रेजी में नाभि को Navel कहते हैं.
ये वास्तव में एक संगम है जहाँ से नाड़ियाँ गुजरती हैं हर प्रकार की , अतः यहाँ पर जाल बना हुआ है नाड़ियों का, इन नाड़ियो को सहारा देने के लिए मांसपेशियां भी होती है और जब ये अपनी जगह से कभी खिसकती हैकिसी कारण से तो उसे कहते हैं “नाड़ी का खिसकना या गोला खिसकना या धरण ”. कभी ये बाएं खिसकता है, कभी ये दायें खिसकता है, कभी ऊपर और कभी निचे खिसकता है.
गोला खिसकने के ज्योतिषीय कारण: मैंने अपने शोध में पाया है की जिन लोगो का गोला ज्यादा खिसकता है उनके कुंडली में छ्टे भाव में कमजोरी होती है अर्थात वहां या त…