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Shattila Ekadashi Ka Jyotish Mahattw

षट्तिला  एकादशी   कब है,  Shattila Ekadashi का ज्योतिष महत्त्व, kya kare sattila ekadashi ko safalta ke liye, शट्तिला एकादशी vrat kaise kare. Shattila Ekadashi: षट्तिला  एकादशी  हिंदू धर्म में भगवान विष्णु को समर्पित एक पवित्र व्रत तिथि है। यह  माघ मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी  को मनाई जाती है और खासकर तिल के छह प्रकार के उपयोग के कारण इसे  षट्तिला  नाम से जाना जाता है।  इस दिन तिल का विशेष महत्व होता है। Shattila Ekadashi Kab hai 📅 षट्तिला एकादशी 2026 — तारीख और तिथि वर्ष 2026 में षट्तिला एकादशी बुधवार, 14 जनवरी 2026 को है। हिंदू पंचांग के अनुसार: एकादशी तिथि प्रारंभ: 13 जनवरी 2026, दोपहर लगभग 3:19 बजे से एकादशी तिथि समाप्त: 14 जनवरी 2026, शाम लगभग 5:53 बजे   Shattila Ekadashi व्रत का मुख्य दिन/उदया तिथि: 14 जनवरी 2026 (बुधवार) पारण (व्रत खोलने का शुभ समय): 15 जनवरी 2026, प्रातः लगभग 7:15 बजे से 9:21 बजे तक  Shat tila Ekadashi Ka Mahattw: षट्तिला एकादशी को भगवान विष्णु की विशेष कृपा का दिन माना जाता है। यह व्र...

Hum Kaise Durbhagya Ko Akarshit Karte Hain

Hum Kaise Durbhagya Ko Akarshit Karte Hain, कैसे कार्य दुर्भाग्य को जन्म देते हैं, कैसे हम अपने जीवन में रुकावटों को जन्म देते हैं.

साधारणतः हम लोग अपने जीवन में मौजूद रुकावटों को लेके रोते रहते हैं, हम हमेशा शिकायत करते रहते हैं की जीवन संघर्षो से भरा है, आज ये परेशानी है , कल ये होगा, कैसे जिएंगे आदि. परन्तु ऐसी बहुत सी समस्याएं हैं जो की हम अपने की आदतों के कारण पैदा कर लेते हैं.
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Hum Kaise Durbhagya Ko Akarshit Karte Hain

इस लेख में आपको कुछ ऐसे ही आदतों की जानकारी देंगे जिसके कारण हम अनजाने में दुर्भाग्य को जन्म देते हैं. कुछ आदतें नकारात्मक उर्जाओं के लिए निमंत्रण का काम करती हैं और दुर्भाग्य, मुश्किलों को जन्म देती हैं. अतः जानकारी से बचाओ संभव है.

अगर आप एक सफल जीवन जीना चाहते हैं, अगर आपका सपना है एक सफल व्यक्ति बनने का, अगर आप एक सरल और सच्चा जीवन जीना चाहते हैं तो ये लेख आपकी जरुर मदद करेगा.

आइये देखते हैं कैसे कुछ आदतें दुर्भाग्य को जन्म देते हैं?

  1. जो व्यक्ति प्रातः जल्दी नहीं उठते हैं वो लोग ताज़ी हवा और उर्जा युक्त वातावरण से वंचित रह जाते हैं जो की अपने आप में ही एक दुर्भाग्य हो जाता है अतः अपनी आदतों को बदल के शरीर और मन को स्वस्थ बना सकते हैं.
  2. कुछ लोग टूटी कंघी से बाल बाते हैं, टूटे कांच में ही चेहरा देखते हैं , ये अती घातक होता है और कई प्रकार के समस्याओं को जन्म दे सकता है. अतः घर में टूटी चीजो का प्रयोग न करे.
  3. वो परिवार भी बहुत संघर्ष करते हैं जो अपने घर में कचरा या अनचाही वस्तुओं को जमा करके रखते हैं, इससे वास्तु दोष उत्पन्न होता है और असफलताएं मिलने लगती हैं.
  4. जो लोग दांत से नाख़ून काटते हैं वो भी स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करते हैं.
  5. कभी भी मेहमानों से बदसलूकी मत कीजिये क्यूंकि शास्त्र के हिसाब से मेहमान भगवान् होते हैं अतः उनका अपमान श्राप को  आकर्षित करता है और दुर्भाग्य को निमंत्रण होता है.
  6. अगर कोई संध्या के समय सोने का आदि है तो सावधान हो जाएँ आप अपने जीवन को मुश्किल में डाल सकते हैं.
  7. फाटे कपड़े ना पहना करे, इससे भी दुर्भाग्य जीवन को घेर सकता है.
  8. ऐसा अक्सर देखा जाता है की जब घुमने जाते हैं तो लोग पेड़ के निचे ही मल-मूत्र का त्याग करते हैं जो की बहुत खतरनाक हो सकता है, अनुभव में आया है की पेड़ के नीचे ऐसा करने से बहुत से लोग नकारात्मक ऊर्जा के घेरे में आये हैं.
  9. बिना हाथ –पाँव धोये भोजन न किया करे , ऐसा करने से भी स्वास्थ्य पर असर पड़ता है.
  10. कभी भी दीपक को फूंक मार के न बुझायें , इससे भी दुर्भाग्य आता है.
  11. घर में मकड़ी के जाले न बनने दे अन्यथा आर्थिक तंगी और बिमारी से ग्रस्त हो सकते हैं.
  12. ऐसा देखने और सुनने में भी अक्सर आता है की लोग नदी , तालाब में नहाने के समय अन्दर ही मूत्र त्याग कर देते हैं , ऐसा कदापि न करे और दुसरो को भी रोके, इससे दुर्भाग्य जीवन में प्रवेश करता है.
  13. किसी भी जानवर को लात न मारे.
  14. अपने माता – पिता, बड़े , बच्चे, नारी जाती का कभी भी अपमान न करे अन्यथा ये निश्चित है की जीवन परेशानियों से घिर जाएगा.
  15. कभी भी कमजोर लोगो का मजाक न उड़ाया करे.
  16. गंदे बिस्तर पर कभी न सोया करे, इससे बिमारी भी आती है और दुर्भाग्य भी.
  17. अगर आप पूजा पाठ , मन्त्र जप आदि करते हैं तो बिना आसन के ये क्रियाएं न किया करे अन्यथा साधना में सफलता में समय लग सकता है.
  18. किसी संत या अध्यात्मिक व्यक्ति का अपमान न करे कभी भी.
ये हैं कुछ बिंदु जो आपकी मदद करेंगी जीवन में आगे बढ़ने में और दुर्भाग्य को रोकने में.
 
और सम्बंधित लेख पढ़े :
How we attract bad luck in life  in English?

Hum Kaise Durbhagya Ko Akarshit Karte Hain, badkismati aur jyotish, कैसे कार्य दुर्भाग्य को जन्म देते हैं, कैसे हम अपने जीवन में रुकावटों को जन्म देते हैं.

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