मिथुन लग्न: अस्त चंद्रमा के 12 भावों में प्रभाव व उपाय, Mithun Lagn Ki Kundli Mai Ast Chandrama Ka 12 Bhavon Me Prabhav, Jyotish Updates. मिथुन लग्न में चंद्रमा दूसरे भाव का स्वामी होता है, जो परिवार, वाणी, धन-संपत्ति, मूल्य और भोजन की आदतों का प्रतिनिधित्व करता है। जब चंद्रमा अस्त (Combust) हो जाता है (अर्थात सूर्य के बहुत नज़दीक आ जाता है), तब उसकी प्राकृतिक शक्तियाँ कमज़ोर हो जाती हैं, जिससे भावनात्मक स्थिरता, आर्थिक पक्ष और पारिवारिक जीवन प्रभावित होता है—यह सब इस बात पर निर्भर करता है कि चंद्र किस भाव में स्थित है। अस्त चंद्रमा मानसिक तनाव बढ़ाता है क्योंकि मिथुन राशि का स्वामी बुध है—जो बुद्धि और विश्लेषण का ग्रह है—जबकि चंद्रमा भावनाओं का प्रतिनिधि है। Mithun Lagn Ki Kundli Mai Ast Chandrama Ka 12 Bhavon Mai Prabhav aur Upay अस्त चंद्रमा क्या होता है? जब चंद्रमा सूर्य के बहुत करीब आ जाता है, तब उसे अस्त (Combust) कहा जाता है। इस स्थिति में चंद्रमा की शक्ति कम हो जाती है, जिससे: भावनाओं की अभिव्यक्ति कमजोर होती है अधिक सोचने की प्रवृत्ति बढती है आर्थिक अस...
दिवाली के पहले पुष्य नक्षत्र का महत्त्व 2025, क्या करे सुख सम्पन्नता, भाग्योदय के लिए ज्योतिष अनुसार.
Pushya Nakshatra 2025 october: हर साल कार्तिक महीने की अमावस्या को दीपावली मनाई जाती है हिन्दू पंचांग अनुसार और इससे पहले एक बहुत ही महत्त्वपूर्ण दिन आता है जिसे पुष्य योग कहते हैं. पुष्य नक्षत्र जब दिवाली के पहले आता है तो अति महत्त्वपूर्ण कार्यो के लिए योग बना देता है. ये व्यापारियों, गृहस्थो, नौकरीपेशा, विद्यार्थियों आदि के लिए शुभ होता है.
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| pushya in diwali significance |
विद्वानों ने इस बात को माना है की इस शक्तिशाली दिन में किसी भी चीज को खरीदना बहुत महत्त्व रखता है. इस दिन ख़रीदा सोना सम्पन्नता देता है, इस दिन खरीदी किताबे विद्याप्रप्ती में सहयोग प्रदान करती है. इसी कारण व्यापारी वर्ग इस दिन बही खाते खरीदते नजर आते हैं. महिलाए अपने लिए आभूषण खरीदती है, कुछ लोग श्री यन्त्र की स्थापना करते हैं आदि.
साल 2025 में दिवाली से पहले पुष्य नक्षत्र 14 और 15 October को रहेगा | पुष्य नक्षत्र 14 अक्टूबर को दिन में लगभग 11:55 से शुरू होगा और १५ तारीख को दिन में लगभग 12 बजे तक रहेगा.
आइये जानते हैं क्या ख़ास बात है 2025 के पुष्य नक्षत्र की?
इस साल पुष्य नक्षत्र बुधवार के दिन पड़ रहा है
- हम सिद्ध श्री यन्त्र की स्थापना कर सकते हैं पुष्य योग में जो की भाग्योदय और सम्पन्नता में मदद करता है.
- इस दिन हम बही खाते खरीद सकते हैं.
- इस दिन से हम नए विषयों को सीखना शुरू कर सकते हैं, किसी ट्रेनिंग प्रोग्राम में एडमिशन ले सकते हैं.
- इस दिन सोना खरीद सकते हैं |
- इस दिन से आप साधना शुरू कर सकते हैं, मंत्र जप शुरू कर सकते हैं, सम्पन्नता के लिए पूजा पाठ कर सकते हैं.
- हम अपनी क्षमता अनुसार चांदी भी खरीद सकते हैं | Pushya Nakshatra 2025 october
पुष्य नक्षत्र और ज्योतिष:
- भारतीय ज्योतिष के हिसाब से ये एक शक्तिशाली नक्षत्र माना जाता है. इसका सम्बन्ध शक्ति, भाग्य, उर्जा, से है जिसके कारण इसका महत्त्व और भी बढ़ जाता है.
- पौराणिक कथाओं अनुसार पुष्य नक्षत्र को माता लक्ष्मी का जन्म हुआ था जो की धन, वैभव की देवी है इसीलिए लोग इस दिन धन सम्बन्धी पूजाओ को करते हैं. ऐसी मान्यता है की इस दिन अगर हम धन प्राप्ति के लिए पूजाए करते हैं तो माता की कृपा अवश्य बरसती है.
- पुष्य नक्षत्र शनि और गुरु दोनों से जुड़ा है जिसके कारण दोनों की कृपा पाने के योग बनाता है. Pushya Nakshatra 2025 october
अगर आप ज्योतिष से किसी भी प्रकार की सलाह लेना चाहते हैं तो अभी संपर्क कर सकते हैं.
जानिए क्या कहती है आपकी कुंडली? कैसा जायेगा आपका नया साल? कौन से रत्न से भाग्योदय होगा ज्योतिष अनुसार? व्यापार कैसा रहेगा? नौकरी में उन्नति के योग कैसे हैं? आदि.
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