Shravan Mahine Ki Kalashtmi Kab Hai, Kalashtmi ko kya kare, Kalashtmi ko kinki pooja hoti hai. श्रावण मास की पावन कालाष्टमी हिंदू धर्म में प्रत्येक माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी के रूप में मनाया जाता है। यह दिन भगवान शिव के उग्र एवं रक्षक स्वरूप भगवान काल भैरव की आराधना के लिए विशेष माना जाता है। वर्ष 2026 में 5 अगस्त, बुधवार को श्रावण मास की कालाष्टमी पड़ रही है। श्रावण मास स्वयं भगवान शिव को अत्यंत प्रिय है, इसलिए इस माह की कालाष्टमी का आध्यात्मिक महत्व और भी अधिक बढ़ जाता है। अष्टमी तिथि प्रारंभ होगी 5 अगस्त 2026 को रात में लगभग 8:44 बजे अष्टमी तिथि समाप्त होगी 6 अगस्त 2026 को शाम में लगभग 6:53 बजे Shravan Mahine Ki Kalashtmi Kab Hai कालाष्टमी का धार्मिक महत्व पौराणिक मान्यताओं के अनुसार भगवान काल भैरव, भगवान शिव के ही एक दिव्य और शक्तिशाली स्वरूप हैं। वे समय (काल), न्याय, धर्म और सुरक्षा के अधिष्ठाता माने जाते हैं। भक्तों का विश्वास है कि कालाष्टमी के दिन उनकी पूजा करने से भय, नकारात्मक शक्तियों, शत्रुओं और जीवन की बाधाओं से रक्षा होती है...
कैसे पायें स्वप्न में प्रश्नों का उत्तर, स्वप्न सिद्धि का मंत्र, दुर्गा जी का स्वप्न सिद्धि हेतु मंत्र.
सपने तो हम सभी रोज देखते हैं, ये हमारे जीवन का एक भाग है. बिना सपनो के नींद की कल्पना नहीं की जा सकती है. ये बात अलग है की कुछ लोगो को सपने याद रहते हैं और कुछ लोगो को सपने याद नहीं रहते हैं. शुभ सपनो को देखने से व्यक्ति को बड़ा अच्छा लगता है परन्तु किसी डरावने सपने को देखके मन में भय और अस्थिरता का भाव उदित हो जाता है.
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| swapn siddhi mantra |
स्वप्नों पर हमारा कोई अधिकार नहीं होता है परन्तु विज्ञान के अनुसार हमारे सूक्ष्म मन में जो विषय रहते हैं वही सपनो में नजर आते हैं.
भारतीय शाश्त्रो में कई प्रकार के विद्याओं के गूढ़ विद्याओं की जानकारी दी गई है जिनमे से एक विद्या है स्वप्न में अपने प्रश्नों का उत्तर पाने की साधना. दुर्गा शप्तशती में इस मंत्र का उल्लेख मिलता है.
ये मंत्र माँ दुर्गा का एक शक्तिशाली मंत्र है और जो पूर्ण भक्ति भाव से इसका जप करता है उसे स्वप्न में माँ की कृपा से मार्ग दर्शन प्राप्त होता है.
मंत्र का प्रयोग करने से पहले इसे नवरात्री, दिवाली की रात्रि, ग्रहण के समय में जप लेना चाहिए.
आइये जानते हैं स्वप्न सिद्धि मंत्र प्रयोग के लिए किन बातो का ध्यान रखना चाहिए:
- रात्रि 10 बजे बाद इस मंत्र को जपना चाहिए.
- जप से पहले माँ दुर्गा के आगे घी का दीपक जलाना चाहिए.
- माँ को गूगल की धुप भी दिखाए साधना काल में.
- जप के लिए रुद्राक्ष की माला शुभ रहती है.
- साधना से पहले माँ से प्रार्थना करे की आपको आपके प्रश्नों का उत्तर सपने में दें.
- मंत्र जप हमेशा किसी ऊनी आसन पर बैठ कर ही करे.
- प्रयोग शुरू करने से पहले किसी सिद्ध महूरत में इस मंत्र को कम से कम १००८ बार जप लेना चाहिए.
- साधना से पहले नहा के अपने शारीर को भी शुद्ध कर लेना चाहिए और पूरी तन्मयता से जप करना चाहिए.
- सोने के समय इस मंत्र का जप करते हुए सोये और अपने प्रश्न को भी मन में रखे, माता से मार्गदर्शन के लिए प्रार्थना करते रहे.
आइये अब जानते है स्वप्न सिद्धि के मंत्र को :
“दुर्गे देवी नमस्तुभ्यं सर्व कामार्थ साधिके |
मम सिद्धिंसिद्धिं वा स्वप्ने सर्वं प्रदर्शय ||”
यही है वो शक्तिशाली चमत्कारी मंत्र जिसका जप माता से मार्गदर्शन के लिए किया जाता है.
तो आप भी महा शक्ति से अपने प्रश्नों का जवाब जानने के लिए इस स्वप्न सिद्धि मंत्र का प्रयोग कर सकते हैं.
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Read in english how to get answers in Dreams?
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