Mangal Ka Kark Rashi Mai Gochar September 2026 , मंगल प्रवेश करेंगे कर्क राशि में, जानिए राशिफल, Mars Transit in Cancer 2026 predictions in hindi | साहस, उर्जा और शक्ति का ग्रह मंगल जब अपनी राशि परिवर्तन करते हैं तो बड़े परिवर्तन नजर आते हैं मौसम में और लोगो के जीवन में | 18 September 2026 को शाम में लगभग 5:02 PM पे मंगल ग्रह मिथुन राशि से निकलकर कर्क राशि में गोचर करेंगे और नीच के हो जायेंगे, ये स्थिति १२ नवम्बर तक बनी रहेगी, अतः बहुत से लोगो को बहुत ज्यादा ध्यान रखने की जरुरत होगी | खास बात यह है कि इस दौरान गुरु भी कर्क राशि में मौजूद रहेंगे और कर्क में गुरु को उच्च का माना जाता है। ऐसे में मंगल और गुरु की युति को ज्योतिष की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। गुरु की मजबूत स्थिति मंगल की कमजोर स्थिति को कुछ हद तक संभाल सकती है और इससे नीचभंग जैसी स्थिति बनने की संभावना मानी जाती है। Mangal ka gochar kark rashi mai April 2026 मंगल ग्रह मेष और वृश्चिक राशि के स्वामी है अतः इनके ऊपर भी प्रभाव आसानी से देखा जा सकता है मंगल के गोचर का | Mangal ...
नाम और ज्योतिष, बच्चो के नाम कैसे रखे, जानिए अंक विद्या और ज्योतिष का महत्त्व नाम रखने में.
किसी का नाम बहुत महत्त्व रखता है, एक अच्छा नाम भाग्योदय में सहायक है वही एक गलत नाम जीवन में उथल पुथल ला सकता है. वैदिक ज्योतिष में नाम रखने के लिए बहुत से सुझाव दिए गए है, अगर ज्योतिषीय सिद्धांतो का ध्यान रखा जाए तो जीवन को सफल बनाने में बहुत सहायता मिल सकती है.
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| Bachho Ke Naam Ka Jyotish Mahattw |
वैदिक ज्योतिष के अंतर्गत नाम रखने से पहले कुछ कर्मकांड करने के नियम है , कुंडली बनाई जाती है और राशि, नक्षत्र आदि को देखने के बाद ही नाम रखा जाता है. इस प्रकार वैदिक ज्योतिष जीवन को सफल बनाने के लिए बहुत मददगार साबित होता है.
ऐसे बहुत से लोगो के बारे में हम आये दिन पढ़ते रहते है जिन्होंने ज्योतिष और अंक ज्योतिष की सहायता से नाम में बदलाव किया और सफल हो गए. अच्छा तो यही है की जन्म के तुरंत बाद ही सलाह मशवरा के बाद सही नाम रखा जाए.
कुछ लोग जो मन में आये वही नाम रख लेते हैं जो की बिलकुल सही नहीं है क्यूंकि नाम का जीवन में बहुत गहरा असर होता है. नाम रखने से पहले ज्योतिष से अच्छी तरह पूछ लेना चाहिए.
वैदिक ज्योतिष और अंक ज्योतिष को मिला के अगर नाम रखा जाए तो निश्चित ही जीवन में सफलता प्रवेश करती है.
आइये जानते हैं की कैसे ज्योतिष और अंक ज्योतिष नाम रखने में मदद करता है ?
- सबसे पहले कुंडली बनाई जाती है और राशि और नक्षत्र का पता लगाया जाता है.
- हर राशि और नक्षत्र से सम्बंधित कुछ ख़ास अक्षर होते हैं उनका पता लगाया जाता है.
- फिर सम्बंधित अक्षर का प्रयोग करके नाम सोचा जाता है.
- यहाँ पर अगर अंक ज्योतिष का सहारा लिया जाए तो नाम शुभ है की नहीं , ये भी पता लगाया जा सकता है.
- फिर नाम रखा जाता है.
नाम रखने के समय कुछ बातो का ध्यान रखना चाहिए :
- नाम हमेशा सकारात्मक उर्जा को ही दर्शाए, इस बात का धयान रखना चाहिए, नाम ही व्यक्ति की पहचान होती है अतः सोच समझ कर ही रखे.
- हमेशा ज्योतिष की सहायता ले सही नामाक्षर चुनने के लिए.
- ज्योतिष से नाम के शुभता को जान्ने के लिए अंक ज्योतिष और वैदिक ज्योतिष , दोनों का सहारा लेने के लिए आग्रह करे.
- सही पूजन पाठ या कर्म कांड करके नाम रखे. इसे नामकरण संस्कार भी कहते हैं.
- अगर आप कोई बड़ी पूजा करने में समर्थ नहीं तो अपने कुल देवी या कुलदेवता की पूजा करके आशीर्वाद प्राप्त करके नाम रखे.
- अपने बच्चे को अलग अलग नामो से न पुकारा करे, इससे जीवन में उलझन पैदा हो सकती है.
- नाम रखने में जल्दबाजी न करे.
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