Makar Sankaranti Kab hai 2026 mai aur kya hai Mahattwa in Hindi, मकर संक्रांति का महत्त्व, क्या करे सफलता के लिए मकर संक्रांति को, सफलता के लिए ज्योतिषीय उपाय जानिए, पढ़िए सूर्य का मकर राशी में प्रवेश करने का राशिफल . Makar Sankranti Kab Hai 2026: मकर संक्रांति का त्यौहार पूरे भारत में बहुत ही उत्साह से मनाया जाता है, भारत वर्ष में मनाये जाने वाले उत्सवों में ये भी एक बड़ा उत्सव है. इस दिन बच्चे, बूढ़े, जवान, महिलाए आदि सभी लोग पतंग उड़ाना पसंद करते हैं. पूरे दिन लोग अपने परिवार वालो के साथ छत पर बिताते हैं या फिर मैदान मे, लोग तिल के लड्डू भी बनाते हैं और एक दूसरे को बाटते हैं. Makar Sankaranti Kab hai 2026 ये महत्त्वपूर्ण त्यौहार अलग अलग रूप में भारत वर्ष में मनाया जाता है जैसे की तमिल नाडू मे इसे पोंगल के नाम से मनाते हैं, आसाम में इसे बिहू के नाम से मनाते हैं, पंजाब और हरयाणा में इसे लोहरी के रूप में मनाते हैं. आइये जानते हैं 2026 में कब है Makar Sankranti?– इस साल सूर्य 14 तारीख को दिन में लगभग 2:50 मिनट पे मकर राशि में प्रवेश करेंगे जिसके कारण मकर संक्रा...
मुलेठी क्या है, इसके फायदे क्या है, कैसे प्रयोग करे और क्या सावधानियां हो सकती है मुलेठी के उपयोग के दौरान.
मुलेठी हर जगह आसानी से पंसारी के दूकान पे उपलब्ध होने वाली वस्तु है. इसका प्रयोग वैकल्पिक चिकित्सा पद्धति मे बहुत होता है और घरो मे भी लोग इसका प्रयोग आसानी से कर लेते हैं.
मुलेठी एक जड़ है जो की प्राकृतिक तौर पर मिठास लिए होती है. अंग्रेजी मे इसे licorice कहते हैं और पेट रोग, श्वास रोग, अलसर, त्वचा रोग आदि मे इसका प्रयोग होता है.
मुलेठी एक जड़ है जो की प्राकृतिक तौर पर मिठास लिए होती है. अंग्रेजी मे इसे licorice कहते हैं और पेट रोग, श्वास रोग, अलसर, त्वचा रोग आदि मे इसका प्रयोग होता है.
![]() |
| Mulethi Ke Fayde In Hindi मुलेठी के फायदे |
आइये जानते है मुलेठी के कुछ प्रयोग:
- ये वैकल्पिक औषधि के रूप मे प्रयोग होती है.
- मुलेठी पेट के अन्दर के घावों को भी ठीक करने मे मदद करता है अगर किसी विशेषज्ञ के मार्गदर्शन मे लिया जाए.
- गैस्ट्रिक अल्सर और छोटी आंत के अलसर को ठीक करने मे भी इसका स्तेमाल होता है.
- सर्दी खांसी मे भी इसका स्तेमाल किया जाता है घरेलु इलाज के रूप मे.
- ज्यादा खांसी होने पर मुलेठी के चूर्ण को शहद मे मिला के चाटा जाता है. इसके टुकड़े को भी लेके चूसा जा सकता है.
- त्वचा समस्या समाधान मे भी इसका प्रयोग होता है.
- श्वास सम्बन्धी समस्याओं को दूर करने के लिए भी इसका प्रयोग बहुत अच्छा होता है.
- अपच समस्या को दूर करने मे भी इसका प्रयोग होता है.
आइये अब जानते हैं मुलेठी के प्रयोग मे क्या सावधानियां रखना चाहिए:
मुलेठी क्या है, इसके फायदे क्या है, कैसे प्रयोग करे और क्या सावधानियां हो सकती है मुलेठी के उपयोग के दौरान.हालांकि इसका प्रयोग देशी इलाज के तौर पर किया जाता है फिर भी कुछ सावधानियां रखना अच्छा होता है.
- शोध बताते है की इसके ज्यादा स्तेमाल से सेक्स की शक्ति घटती है अतः ध्यान रखना चाहिए.
- मुलेठी का ज्यादा स्तेमाल किडनी पर भी दुष्प्रभाव डाल सकता है.
- अगर किसी को ब्लड प्रेशर की समस्या हो तो उसे भी मुलेठी का स्तेमाल नहीं करना चाहिए या फिर चिकित्सक के मार्गदर्शन मे ही करे.
- जिन महिलाओं ने गर्भ धारण किया हो उनको भी इसका स्तेमाल नहीं करना चाहिए.
- ह्रदय सम्बंधित रोग से कोई ग्रस्त हो तो भी मुलेठी का स्तेमाल पूछ कर ही करना चाहिए.
अतः मुलेठी एक आसान उपाय है कई रोगों के लिए और घरेलु इलाज के तौर पर इसका स्तेमाल आसानी से किया जा सकता है.
मुलेठी क्या है, इसके फायदे क्या है, कैसे प्रयोग करे और क्या सावधानियां हो सकती है मुलेठी के उपयोग के दौरान.

Comments
Post a Comment