कब है निर्जला एकादशी 2026, date of nirjala ekadashi, निर्जला एकादशी व्रत में क्या करें?, nirjal ekadashi ke upay, When is nirjala ekadashi?. हिंदू परंपरा के अनुसार सबसे शुभ उपवासों में से एक निर्जला एकादशी का दिन है यानी बिना पानी पिए उपवास करने का दिन। निर्जला एकादशी को पांडव या भीमसेनी एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। यह हिंदू कैलेंडर के अनुसार ज्येष्ठ महीने में शुक्ल पक्ष में 11 वें दिन आता है। साल में 24 एकादशी आती है परन्तु nirjal ekadashi सबसे शक्तिशाली एकादशी व्रत माना जाता है अनुष्ठान करके पुण्य प्राप्त करने के लिए | 2026 में 25 June को है निर्जला एकादशी व्रत | एकादशी तिथि शुरू होगी 24 तारीख को शाम में लगभग 6:12 बजे और एकादशी तिथि समाप्त होगी 25 जून को रात्री में लगभग 8:09 बजे | पारण का समय रहेगा 26 जून को प्रातः 5:30 से 7:44 तक Nirjala Ekadashi kab hai jyotish anusar ऐसा माना जाता है कि निर्जला एकादशी का व्रत सभी 24 एकादशी का फल दे सकता है इसलिए यह बहुत ही पवित्र और शक्तिशाली है। भीम अर्थात पांडव पुत्रों में से एक ने निर्जला एकादशी का व्रत करने के...
Pyaaj swasthya ke liye, प्याज के फायदे, प्याज के प्रयोग, स्वस्थ रहने के लिए सालाह
सब्जियों में एक सब्जी ऐसी है जिसका प्रयोग पूरी दुनिया में बहुतायत से होता है और जो की दिमाग और शारीर को स्वस्थ रखने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, प्याज हमे कई बीमारियों से बचाता है.
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| Pyaaj Swasthya Ke liye In Hindi |
प्याज को अंग्रेजी में “ONION” कहते हैं. ये सभी के लिए लाभदायक है और पौषक तत्त्वों से भरपुर है. प्याज हमे कई प्रकार के रोगों से बचाता है, कोलेस्ट्रोल नियंत्रित रखता है, प्रतिरक्षा प्रणाली को स्वस्थ रखता है, प्राकृतिक एंटी बायोटिक है.
प्याज का प्रयोग पुरे विश्व में अलग अलग तरीके से होता है जैसे :
- इसका स्तेमाल खाना बनाने में किया जाता है, इससे सब्जियों का जयका बढ़ता है.
- सलाद के रूप में भी कच्चे प्याज का स्तेमाल बहुत होता है.
- गर्मियों के दिनों में इसे जेब में रखके लोग स्तेमाल करते हैं, इससे लू का प्रकोप नहीं होता है.
- ज्योतिष और जानकार लोग प्याज का स्तेमाल कई प्रकार के टोटके करने में भी करते हैं.
आइये जानते हैं की प्याज में कौन कौन से पौषक तत्त्व पाए जाते हैं?
प्याज बहुत ही अच्छा स्त्रोत है बायोटिन का, मैंगनीज का, तम्बा का, विटामिन्स का, फाइबर्स का, फॉस्फोरस का, पोटैशियम का फोलेट आदि का. अतः सलाहकार सलाह देते हैं की प्याज का स्तेमाल रोज और लगातार करते रहना चाहिए. ये भोजन का स्वाद भी बढ़ा देता है.प्याज का प्रयोग मनोगत विज्ञान में :
ये सब्जी न सिर्फ स्वास्थय के लिए लाभदायक है परन्तु इसका प्रयोग ज्योतिष में भी बहुत होता है कुछ टोटको को करने के लिए . प्याज नकारात्मक उर्जाओं से रक्षा करता है, अतः इसको दरवाजे के ऊपर टांगने की भी मान्यता है जिससे बुरी नजर का असर न पड़े.चिकित्सा में प्याज का प्रयोग:
- गर्मियों में प्याज का प्रयोग लू से बचाता अतः इसे रोज खाना चाहिए. प्याज गर्मियों के लिए वरदान है.
- जो लोग पाचन समस्या से ग्रस्त है उनके लिए भी ये लाभ दायक है क्यूंकि इसमे प्राकृतिकरूप से फाइबर मौजूद होता है परन्तु सिमित मात्रा में लेना चाहिए.
- कमजोर लोग अगर प्याज और शहद मिला के प्रयोग करे तो बहुत फायदा होता है.
- नाक से खून निकलने पर प्याज के रस की बूंद डालने पर खून रुकता है.
- शुगर बिमारी से ग्रस्त रोगियों के लिए भी ये बहुत लाभदायक है.
- अगर किसी को रक्तचाप की समस्या है तो उनके लिए भी प्याज का उपयोग बहुत लाभदायक है.
- अगर आपको नींद नहीं आती है तो भी प्याज का प्रयोग करके आप इस समस्या से निजात पा सकते हैं.
अतः प्याज का प्रयोग करके जीवन को स्वस्थ रूप से जिया जा सकता है, एक सस्ता विकल्प, अच्छा विकल्प, सरल विकल्प है जीवन जीने का. आप भी बाधा सकते हैं. आज ही शामिल करे प्याज को अपने जीवन में.
Pyaaj swasthya ke liye, प्याज के फायदे, प्याज के प्रयोग, प्याज और ज्योतिष, स्वस्थ रहने के लिए सालाह
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