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Showing posts from May, 2015

Jyoitish Sewaye Online || ज्योतिष सेवा ऑनलाइन

Jyotish in Hindi, कुंडली का अध्ययन हिंदी में, ज्योतिष से संपर्क के लिए यहाँ क्लिक करे>> , .
ज्योतिष सेवा ऑनलाइन: एक अच्छा ज्योतिष कुंडली को देखके जातक का मार्गदर्शन कर सकता है. कुंडली मे ग्रह विभिन्न भावों मे बैठे रहते हैं और जातक के जीवन मे प्रभाव उत्पन्न करते हैं. अगर कोई व्यक्ति जीवन मे  समस्या से ग्रस्त है तो इसका मतलब है की उसके जीवन इस समय बुरे ग्रहों का प्रभाव चल रहा है और यदि कोई व्यक्ति सफलता प्राप्त कर रहा है तो इसका मतलब है की इस समय उसके जीवन मे शुभ ग्रहों का प्रभाव है.  विभिन्न ग्रहों की दशा-अन्तर्दशा मे व्यक्ति अलग अलग प्रकार के प्रभावों से गुजरता है जिसके बारे एक अच्छा ज्योतिष जानकारी दे सकता है.  ग्रहों का असर व्यक्ति के कामकाजी जीवन पर पड़ता है.
ग्रहों का असर व्यक्ति के व्यक्तिगत जीवन पर पड़ता है.
सितारों का असर व्यक्ति के सामाजिक जीवन पर पड़ता है.
व्यक्ति के पढ़ाई –लिखाई , वैवाहिक जीवन, प्रेम जीवन, स्वास्थ्य आदि पर ग्रह – सितारों का असर पूरा पड़ता है.  आप “www.jyotishsansar.com” माध्यम से पा सकते हैं कुछ ख़ास ज्योतिषीय सेवाए ऑनलाइन :जानिए क्या कहती है आपकी कुंडली आ…

Hum Kaise Durbhagya Ko Akarshit Karte Hain

Hum Kaise Durbhagya Ko Akarshit Karte Hain, कैसे कार्य दुर्भाग्य को जन्म देते हैं, कैसे हम अपने जीवन में रुकावटों को जन्म देते हैं. साधारणतः हम लोग अपने जीवन में मौजूद रुकावटों को लेके रोते रहते हैं, हम हमेशा शिकायत करते रहते हैं की जीवन संघर्षो से भरा है, आज ये परेशानी है , कल ये होगा, कैसे जिएंगे आदि. परन्तु ऐसी बहुत सी समस्याएं हैं जो की हम अपने की आदतों के कारण पैदा कर लेते हैं.
इस लेख में आपको कुछ ऐसे ही आदतों की जानकारी देंगे जिसके कारण हम अनजाने में दुर्भाग्य को जन्म देते हैं. कुछ आदतें नकारात्मक उर्जाओं के लिए निमंत्रण का काम करती हैं और दुर्भाग्य, मुश्किलों को जन्म देती हैं. अतः जानकारी से बचाओ संभव है.
अगर आप एक सफल जीवन जीना चाहते हैं, अगर आपका सपना है एक सफल व्यक्ति बनने का, अगर आप एक सरल और सच्चा जीवन जीना चाहते हैं तो ये लेख आपकी जरुर मदद करेगा. आइये देखते हैं कैसे कुछ आदतें दुर्भाग्य को जन्म देते हैं?जो व्यक्ति प्रातः जल्दी नहीं उठते हैं वो लोग ताज़ी हवा और उर्जा युक्त वातावरण से वंचित रह जाते हैं जो की अपने आप में ही एक दुर्भाग्य हो जाता है अतः अपनी आदतों को बदल के …

Pyaaj Swasthya Ke liye In Hindi

Pyaaj swasthya ke liye, प्याज के फायदे, प्याज के प्रयोग, प्याज और ज्योतिष, स्वस्थ रहने के लिए सालाह
सब्जियों में एक सब्जी ऐसी है जिसका प्रयोग पूरी दुनिया में बहुतायत से होता है और जो की दिमाग और शारीर को स्वस्थ रखने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, प्याज हमे कई बीमारियों से बचाता है.
प्याज को अंग्रेजी में “ONION” कहते हैं. ये सभी के लिए लाभदायक है और पौषक तत्त्वों से भरपुर  है. प्याज हमे कई प्रकार के रोगों से बचाता है, कोलेस्ट्रोल नियंत्रित रखता है, प्रतिरक्षा प्रणाली को स्वस्थ रखता है, प्राकृतिक एंटी बायोटिक है.
प्याज का प्रयोग पुरे विश्व में अलग अलग तरीके से होता है जैसे :
1.    इसका स्तेमाल खाना बनाने में किया जाता है, इससे सब्जियों का जयका बढ़ता है.
2.    सलाद के रूप में भी कच्चे प्याज का स्तेमाल बहुत होता है.
3.    गर्मियों के दिनों में इसे जेब में रखके लोग स्तेमाल करते हैं, इससे लू का प्रकोप नहीं होता है.
4.    ज्योतिष और जानकार लोग प्याज का स्तेमाल कई प्रकार के टोटके करने में भी करते हैं.
आइये जानते हैं की प्याज में कौन कौन से पौषक तत्त्व पाए जाते हैं?
प्याज बहुत ही अच्छा…

Mahilaao Ka Swasthya Aur Jyotish

Mahilaao Ka Swasthya Aur Jyotish, ज्योतिष के द्वारा कैसे जान सकते हैं महिलाओं के समस्याओं के कारण को, ज्योतिष द्वारा जाने बीमारियों के कारण और निवारण.
स्वास्थ्य बहुत जरुरी है सभी के लिए पर जब बात आती है महिलाओं की तो ये विषय बहुत ज्यादा महत्तव का हो जाता है, महिकाओ को बहुत ज्यादा सावधानी और स्वस्थ रहने की आवश्यकता है, क्यूंकि वे ही परिवार की नीवं हैं. अगर घर की महिलायें स्वस्थ रहेंगी तो परिवार भी निश्चित स्वस्थ रहेगा.
चूँकि महिलायें ही साधारणतः परिवार के सदस्यों की देखभाल करती है साथ ही सुबह उठने से रात के सोने तक लगातार कुछ न कुछ कार्य में संलग्न रहती है अतः उनको सबसे ज्यादा उर्जा, और स्वस्थ शारीर की आवश्यकता है, एक औरत किसी की माँ होती है, किसी की बहन, किसी की पत्नी, किसी की दोस्त होती है परन्तु एक गुण जो सभी महिलाओं में देखने को मिलता है वो है सबकी देखभाल करना.
महिलाओं को देखभाल करने का जो गुण मिला है इश्वर द्वारा वो किसी और में देखने को कम ही मिलता है. और अगर घर की औरतों का स्वास्थय ख़राब हो तो परिवार और व्यक्तिगत संबंधो में भी समस्याएं उत्पन्न होने लगती है. अतः एक स्वस्थ शारीर और स…

Grah Aur Sambandho Ko Janiye Jyotish Main In Hindi

Grah Aur Sambandho Ko Janiye Jyotish Main In Hindi, कैसे पड़ता है ग्रहों का असर संबंधो पर, भारतीय ज्योतिष से जानिए संबंधो और ग्रहों में सम्बन्ध.
क्या आप बहुत भावुक है, क्या आप हमेशा रिश्तो के कारण समस्या से घिर जाते हैं, क्या आप जानना चाहते हैं, कैसे ग्रह प्रभावित करते हैं जीवन में संबंधों को, क्या आप जानना चाहते हैं की कैसे कोई हमारे लिए अच्छा होता है या हानिकारक होता है.
जी हाँ एक वैदिक ज्योतिष, एक अच्छा ज्योतिष आपको बता सकता है की कैसे लोग आपके जीवन में शुभता लायेंगे या किस प्रकार के लोग आपके जीवन में आपको नुक्सान पंहुचा सकते हैं, कैसे हम अपने जीवन में हानि को कम कर सकते हैं.
वैदिक ज्योतिष के हिसाब से जो भी हमारे साथ होता है उसके पीछे भाग्य तो होता ही है परन्तु कुंडली में ग्रहों का अध्ययन करके हम घटनाओं के कारणों का पता लगा सकते हैं और बहुत से घटनाओं के प्रति सचेत हो सकते हैं.
आइये जानते हैं संबंधो के सच को:
हमारे जन्म होते ही हम कई प्रकार के संबंधो से घिर जाते हैं जैसे, माता-पिता के साथ सम्बन्ध, उनसे जुड़े लोगो से सम्बन्ध , जिन्हें हम अलग अलग नामो से पुकारते हैं.
उम्र बढ़ने के साथ…

Somwati Amavasya aur Shani Jayanti Ke Din Kya Kare Safalta Ke liye In Hindi

Somwati Amavasya aur Shani Jayanti Ke Din Kya Kare Safalta Ke liye In Hindi, शनि जयंती और सोमवती अमावस्या है 18 मई २०१५ को , क्या करे सफलता के लिए ?, क्या है महत्तव इस दिन का. .
जैसा की नाम से ही पता चलता है की शनि जयंती मतलब शनि देव की पूजा करने का विशेष दिन, इस दिन शनि साड़े साती से पीड़ित लोग, कुंडली में ख़राब शनि से पीड़ित लोग शनि देव को प्रसन्न करने के लिए पूजा कर सकते हैं और निर्विघ्न जीवन जी सकते हैं.
इसी प्रकार जब अमावस्या सोमवार को पड़े तो उस दिन को कहते हैं सोमवती अमावस्या. इस बार भाग्य से दोनों दिन एक ही दिन पड़ रहे हैं. सोमवार 18 मई २०१५ को अमावस्या भी है और शनि जयंती भी है. अतः साधको और लोगो के लिए ये दिन बहुत शुभ है.
इस दिन पितृ दोष, कालसर्प दोष, ग्रहण दोष, प्रेत दोष आदि से छुटकारा पाया जा सकता है शिव पूजा के द्वारा.
दो महान योग के साथ में होने से व्यक्ति को इस दिन का महत्तव १०० गुना ज्यादा बढ़ गया है. अतः ये मौका किसी को भी नहीं छोड़ना चाहिए.
शनि जयंती और सोमवती अमावस्या का साथ में होने से महत्तव:
वास्तव में जब ये दिन अलग अलग आते हैं तब भी लोग बहुत फायदा उठाते हैं परन्तु इस …

Vivah Mai Deri Ke karan In Hindi

Vivah Mai Deri Ke karan In Hindi, विवाह में देरी के क्या कारण हो सकते हैं, ज्योतिष से कैसे जाने विवाह में बाधा को, क्या समाधान है शीघ्र विवाह योग के लिए.
मानव जन्म से ही सामाजिक होता है अतः उसे कदम कदम पर दोस्त, परिवार के सदस्य, प्रेमी, जीवन साथी की जरुरत पड़ती है. अकेला रहना एक श्राप ही होता है. इसमे भी कोई शक नहीं की कई लोगो की जिन्दगी तो एक अच्छा साथी ढूंढने में ही निकल जाती है.
विवाह एक सामाजिक उत्सव के रूप मे मनाया जाता है जिसमे दो लोग एक दुसरे के साथ रहने और एक दुसरे का ख्याल रखने की कसम खाते हैं . अगर विवाह समय पर हो जाए तो स्त्री और पुरुष दोनों सुखी जीवन बिता सकते हैं और महत्वपूर्ण क्षणों का आनंद अच्छी तरह से ले सकते हैं परन्तु समय निकल जाने पर व्यक्तिगत जीवन और सामाजिक जीवन में भी बहुत कुछ सहन करना पड़ता है.
इस लेख में हम जानेंगे विवाह में देरी के कुछ कारणों को.
आइये सबसे पहले जानते हैं कुछ साधारण कारणों को जिसके कारण कुछ लोग बिना विवाह के जीवन बिता रहे हैं –

Guru Ka Simha Raashi Mai Pravesh Ke Prabhav In Hindi

Guru Ka Simha Raashi Mai Pravesh Ke Prabhav In Hindi, क्या होगा जब गुरु सिंह राशि में प्रवेश करेगा, जानिए गुरु ग्रह के बारे में, क्या सम्बन्ध है गुरु और सूर्य में, कैसे लाभ उठाये इस पवित्र समय का?.
जो भी ज्योतिष विषय से प्रेम रखते हैं उनके लिए ये जानकारी लाभदायक होगी की 14 जुलाई 2015 को गुरु सिंह राशि में प्रवेश करेगा, ये घटना अति विशिष्ट है. सिंह राशि का स्वामी ग्रह सूर्य है. गुरु और सूर्य दोनों मित्र है अतः इसका असर बहुत ही शुभ होगा.
आइये जानते हैं कुछ गुरु ग्रह के बारे में:
गुरु ग्रह एक अध्यात्मिक ग्रह है और जाना जाता है ज्ञान के लिए, अंग्रेजी में इसे jupiter के नाम से जाना जाता है. गुरु वो होता है जो सही मार्ग दिखता है अतः जीवन में इनका बहुत महत्तव होता है. वैदिक ज्योतिष के हिसाब से अगर कुंडली में सिर्फ गुरु ग्रह बलवान हो तो व्यक्ति जीवन में सम्पन्नता प्राप्त कर सकता है इसके बावजूद की अन्य ग्रह कमजोर हो.
गुरु का सम्बन्ध ज्ञान, शक्ति, तार्किक दिमाग, अहंकार आदि से है. जब कुंडली में गुरु ग्रह अच्छा हो तो व्यक्ति विद्वान् होता है, समाज में विशेष स्थान प्राप्त करता है, लोग उनसे राय ले…

Kaise Kare Naukri Ko Surakshit

Kaise Kare Naukri Ko Surakshit, नौकरी को सुरक्शि करने हेतु कुछ आसान ज्योतिषीय उपाय, सफलता सूत्र.
जो लोग नौकरी कर रहे हैं लम्बे समय से या जिन्होंने अभी अभी नौकरी शुरू की है वो भी एक डर से गुजरते देखे गए हैं जैसे क्या मैं ये काम कर पाउँगा, कही मुझे निकाल तो नहीं दिया जाएगा, कैसे में अधिकारी को खुश करूँ , कैसे मैं अच्छे सम्बन्ध बनाऊं आदि. 
असुरक्षा की भावना इस संसार में लोगों को डसता जा रहा है और जीवन में दुःख का ये एक बड़ा कारण बन गया है, असुरक्षा हमे खुश रहने नहीं देती है, इसके कारण हम खुलके अपने साथियों से , घरवालो से बात नहीं कर पाते हैं और संबंधों में खटास आने लगता है. 
परन्तु सही मायने में देखा जाए तो सुख दुःख जीवन का भाग है, उतार चड़ाव चलता रहता है , इससे घबराने की बजाये अपने आपको और सक्रीय बनाना चाहिए जिससे कठिन समय के आने से पहले उसको ठीक करने की रणनीति बना लिया जाए.  समस्याओं का सामना करना चाहिए डट कर और निर्भय होना चाहिए. क्यूंकि डर के आगे जीत हैं.
आइये अब जानते हैं कुछ ज्योतिषीय कारण नौकरी में डर का:

Kya Naukri Ke Liye Avedan Kar Rahe Hai

Kya aap naukri ke liye aavedan kar rahe hain, क्या आपको नौकरी ढूँढने में समस्या आ रही है, क्या आपके काम व्यर्थ हो रहे हैं, क्या काम न मिलने के कारण आप परेशान हो रहे हैं, लीजिये ज्योतिषीय सलाह.
इस प्रतिस्पर्धा के समय में मन के मुताबिक़ काम मिलना एक चुनौती हो गई है. हर साल सेकड़ो लोग पढाई पूरी करके नौकरी के लिए कोशिश करते हैं परन्तु कुछ तो इतने बदकिस्मत होते हैं की उनको साधारण काम भी नहीं मिल  पता है. 
ये लेख उन लोगो के लिए है जो अथाह मेहनत के बाद भी नौकरी प्राप्त नहीं कर पा रहे हैं, इस लेख में आप जानेंगे की कुंडली में कौन सा घर नौकरी के लिए जिम्मेदार है, किस प्रकार ग्रह जिम्मेदार होते हैं नौकरी दिलाने में, कौन सी पूजा या टोटके सफलता के के लिए करने चाहिए आदि. 
क्या आप जानते हैं की कुंडली हमारे जीवन का आइना है, जो की समस्या के ज्योतिषीय कारण को बताते हैं, अगर ग्रहों की दिशा और दशा को देखते हुए जीवन के निर्णय लिए जाए तो निश्चित ही सफलता कदम चूमेगी.  एक अनुभवी ज्योतिष कुंडली को देखके समस्या का कारण और निवारण आपको प्रदान कर सकता है, इसी कारण दशकों से जानकार लोग ज्योतिष का सहारा ले रहे हैं जीव…

Bel Fal Se Swasthya In Hindi

Bel Fal Se Swasthya, बेल फल से स्वस्थ्य, किनके लिए फायदेमंद है बेल फल, कैसे पाए पेट की समस्याओं से निदान. एक फल जो की फायदेमंद है सभी के लिए, एक फल जो की कई जटिल पेट की समस्याओं से दिला सकता है मुक्ति, एक फल जो की हिन्दुओ द्वारा प्रयोग किया जाता है शिव पूजा में, एक फल जो की रखता है दिमाग और शारीर को ठंडा. जी हाँ एक ऐसा जादुई फल है और उसका नाम है बेल फल, कुछ प्रान्त में इसे बिल्ला भी बोलते हैं. अंग्रेजी में इसे वुड एप्पल कहा जाता है. गर्मियों के दिनों में अपने आप को तारो तजा रखने के लिए, अपने आप को स्वस्थ रखने के लिए, अपने आपको ठंडा रखने के लिए बेल फल एक बहुत अच्छा विकल्प हो सकता है. जब हम इस फल के अद्वितीय गुणों के बारे में जानेंगे तो तो इसका प्रयोग करने से चुकेंगे नहीं. इस फल में प्रचुर मात्रा में फाइबर, विटामिन, फोस्फोरस, लोहा, आदि मौजूद है जिससे की ये सभी के बहुत लाभदायक है. अपने आपको उर्जावान बनाए रखने के लिए बेल फल बहुत ही उपयोगी है. आइये जानते हैं कुछ फायदे बेल फल के:ये उन लोगो के लिए बहुत अच्छा है जो की अलसर से परेशान है, कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली से ग्रस्त है, भगंदर से परेशान ह…

Narad Jayanti Ka Mahattwa In Hindi

Narad jayanti ka mahatwa in hindi, कौन है नारद मुनि, क्या महत्तव है नारद जयंती का, क्या सीखे नारद मुनी से.
एक बहुत ही रोचक चरित्र का उल्लेख मिलता है हिन्दुओ के पौराणिक कथाओं में, एक ऐसा व्यक्ति जो सभी के लिए पूजनीय है, आदरणीय है, जो की भगवान् विष्णु के भक्त है, जो की हर समय “नारायण नारायण” का जप करते रहते हैं.
ये व्यक्तित्व है “नारद मुनि”, ये ब्रह्मा जी के पुत्र है और लगातार घूमते रहते हैं. दैविक जानकारियों को इधर से उधर पहुचाने का कार्य ये बहुत ही खूबी से करते हैं. इनके पास हर समय एक वाद्य यन्त्र होता है जिसे हम वीणा के नाम से जानते हैं.
इन्होने बहुत से भक्ति सूत्र लिखे हैं, भजन लिखे हैं जो की अलग अलग ग्रन्थ में उपलब्ध है जैसे “नारद भक्ति सूत्र ”, नारद संहिता आदि.
ये बहुमुखी प्रतिभा के धनि है और कई विद्याओं में महारत रखते हैं जैसे गायन, वादन, प्रस्तुतीकरण, ज्योतिष, शब्दों का प्रयोग करना आदि.
नारद मुनि ने अपनी पूरी जिन्दगी नारायण सेवा में ही व्यतीत की है.
हम उनसे बहुत कुछ सीख सकते हैं जैसे –
कैसे समर्पण किया जाता है, कैसे जुनूनी होक कार्य किया जाता है, कैसे कार्यो को मस्ती से किया जाता …