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Jyoitish Sewaye Online || ज्योतिष सेवा ऑनलाइन

Jyotish in Hindi, कुंडली का अध्ययन हिंदी में, ज्योतिष से संपर्क के लिए यहाँ क्लिक करे>> , .
ज्योतिष सेवा ऑनलाइन: एक अच्छा ज्योतिष कुंडली को देखके जातक का मार्गदर्शन कर सकता है. कुंडली मे ग्रह विभिन्न भावों मे बैठे रहते हैं और जातक के जीवन मे प्रभाव उत्पन्न करते हैं. अगर कोई व्यक्ति जीवन मे  समस्या से ग्रस्त है तो इसका मतलब है की उसके जीवन इस समय बुरे ग्रहों का प्रभाव चल रहा है और यदि कोई व्यक्ति सफलता प्राप्त कर रहा है तो इसका मतलब है की इस समय उसके जीवन मे शुभ ग्रहों का प्रभाव है.  विभिन्न ग्रहों की दशा-अन्तर्दशा मे व्यक्ति अलग अलग प्रकार के प्रभावों से गुजरता है जिसके बारे एक अच्छा ज्योतिष जानकारी दे सकता है.  ग्रहों का असर व्यक्ति के कामकाजी जीवन पर पड़ता है.
ग्रहों का असर व्यक्ति के व्यक्तिगत जीवन पर पड़ता है.
सितारों का असर व्यक्ति के सामाजिक जीवन पर पड़ता है.
व्यक्ति के पढ़ाई –लिखाई , वैवाहिक जीवन, प्रेम जीवन, स्वास्थ्य आदि पर ग्रह – सितारों का असर पूरा पड़ता है.  आप “www.jyotishsansar.com” माध्यम से पा सकते हैं कुछ ख़ास ज्योतिषीय सेवाए ऑनलाइन :जानिए क्या कहती है आपकी कुंडली आ…

Guru Ka Simha Raashi Mai Pravesh Ke Prabhav In Hindi

Guru Ka Simha Raashi Mai Pravesh Ke Prabhav In Hindi, क्या होगा जब गुरु सिंह राशि में प्रवेश करेगा, जानिए गुरु ग्रह के बारे में, क्या सम्बन्ध है गुरु और सूर्य में, कैसे लाभ उठाये इस पवित्र समय का?.
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जो भी ज्योतिष विषय से प्रेम रखते हैं उनके लिए ये जानकारी लाभदायक होगी की 14 जुलाई 2015 को गुरु सिंह राशि में प्रवेश करेगा, ये घटना अति विशिष्ट है. सिंह राशि का स्वामी ग्रह सूर्य है. गुरु और सूर्य दोनों मित्र है अतः इसका असर बहुत ही शुभ होगा.

आइये जानते हैं कुछ गुरु ग्रह के बारे में:
गुरु ग्रह एक अध्यात्मिक ग्रह है और जाना जाता है ज्ञान के लिए, अंग्रेजी में इसे jupiter के नाम से जाना जाता है. गुरु वो होता है जो सही मार्ग दिखता है अतः जीवन में इनका बहुत महत्तव होता है. वैदिक ज्योतिष के हिसाब से अगर कुंडली में सिर्फ गुरु ग्रह बलवान हो तो व्यक्ति जीवन में सम्पन्नता प्राप्त कर सकता है इसके बावजूद की अन्य ग्रह कमजोर हो.

गुरु का सम्बन्ध ज्ञान, शक्ति, तार्किक दिमाग, अहंकार आदि से है. जब कुंडली में गुरु ग्रह अच्छा हो तो व्यक्ति विद्वान् होता है, समाज में विशेष स्थान प्राप्त करता है, लोग उनसे राय लेना पसंद करते हैं. गुरु का बल अगर ज्यादा हो जाए तो व्यक्ति अहंकारी भी हो सकता है.

अब आइये जानते हैं कुछ सूर्य ग्रह के बारे में:
सूर्य ग्रह सम्बन्ध रखता है नाम, शोहरत, कला, यात्रा अदि से. अगर ये ग्रह कुंडली में शुभ हो तो व्यक्ति उच्च अधिकारियों से अच्छे सम्बन्ध बनाता है, समाज में नाम कमाता है, यात्राओं से लाभ कमाता है , ज्ञान अर्जन करता है .
सूर्य के ख़राब होने पर जीवन में अनेक बाधाओं का सामना करना होता है.

क्या होगा जब गुरु का सिंह राशि में प्रवेश होगा 14 जुलाई २०१५ को?

सिंह राशी का स्वामी है सूर्य जो की गुरु का मित्र है अतः सिंह राशि में गुरु का प्रवेश शुभ परिणाम लाएगा. परन्तु इस समय में शादी का महूरत नहीं निकलता है.
जब तक गुरु सिंह राशि में रहता है तब तक का समय अध्यात्मिक साधना, पूजा पाठ, दान आदि के लिए श्रेष्ठ समय रहता है. इस समय में ज्ञान अर्जन करना भी शुभ होता है.
परन्तु जिनके कुंडली में सूर्य या गुरु शुभ नहीं हैं उनको कुछ अलग अनुभव हो सकते हैं.
1.    जब तक गुरु सिंह राशि में रहेगा तब तक शादियाँ निषेध रहेंगी.
2.    इस पुण्य समय में सिंहस्थ आएगा २०१६ में जो की उज्जैन में होगा.
3.    साधको के लिए ये समय विशेष प्रभावशाली रहेगा.
4.    इस पुण्य और शक्तिशाली समय में साधकगण साधना के शिखर को छु सकते हैं.
5.    दान-पुण्य , पूजा – पाठ आदि के लिए ये समय बहुत शुभ रहेगा. अपने पुण्यो को सभी बढ़ा सकते हैं.
सिंह राशि वाले जातक इस समय में विशेष उपलब्धि प्राप्त कर सकते हैं , हर दिशा से मौके आपके पास आ सकते हैं. सिंह राशि के लोग सफलता की नई ऊँचाइयों को छु सकते हैं.

क्या नहीं करना चाहिए जब गुरु सिंह राशि में रहेगा?
ये समय है सूर्य और गुरु ग्रहों की कृपा प्राप्त करने का, अपने पुण्यों को बढ़ाने का अतः निम्न कार्य बिलकुल ना करे –
1.    किसी से झूट ना बोले.
2.    किसी का ह्रदय न तोड़े
3.    मदिरा, तम्बाखू या अन्य किसी भी प्रकार के नशे का स्तेमाल ना करें
4.    किसी को धोखा ना दे

क्या करें जब गुरु सिंह राशि में रहे ?
1.    अगर आपने गुरु दीक्षा ली है तो गुरु के सानिध्य में साधना करे.
2.    अगर आपके गुरु नहीं हैं तो कोई बात नहीं किसी जानकार से जानकारी लेके गतात्री साधना या अन्य किसी देवी देवता की साधना कर सकते हैं.
3.    रोज हवन, तर्पण , मंत्र जप आदि का अभ्यास कर सकते हैं.
4.    नई विद्याओं को सीखने का शुभ समय रहता है. 

Guru Ka Simha Raashi Mai Pravesh Ke Prabhav In Hindi, क्या होगा जब गुरु सिंह राशि में प्रवेश करेगा, जानिए गुरु ग्रह के बारे में, क्या सम्बन्ध है गुरु और सूर्य में, कैसे लाभ उठाये इस पवित्र समय का?.

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